चारधाम यात्रा पर अक्सर लोगों को आते हैं हार्ट अटैक, डॉक्टर से जानें क्या है इसका कारण
ऊंचाई पर कम होता है ऑक्सीजन लेवल: चारधाम की यात्रा समुद्र तट से 8,000 से 12,000 फीट तक की ऊंचाई पर होती है, जहां हवा में ऑक्सीजन की मात्रा कम हो जाती है.
पहले से दिल की बीमारी: कई लोग बिना मेडिकल चेकअप के यात्रा शुरू कर देते हैं, जिन्हें पहले से दिल की समस्या होती है.
अचानक लंबी चढ़ाई चढ़ना: चारधाम यात्रा में लंबे समय तक चलना, सीढ़ियां चढ़ना और ठंड का सामना करना होता है.
ठंडी और कम ऑक्सीजन: ठंड और ऑक्सीजन कम होने की वजह से ऊंचाई पर ब्लड प्रेशर तेजी से बढ़ सकता है, जिससे दिल पर तनाव होता है.
मेडिकल सुविधा की कमी: पहाड़ी इलाकों में स्वास्थ्य सुविधाएं सीमित होती हैं और हार्ट अटैक के समय इलाज मिल पाना मुश्किल होता है.
यात्रा से पहले तैयारी है जरूरी: डॉक्टरों की सलाह है कि 40 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों को यात्रा से पहले BP और ब्लड टेस्ट जरूर करवा लेना चाहिए.