आंखों में दिखें ये 5 लक्षण तो समझ जाएं खराब हो रही किडनी, डॉक्टर को तुरंत करें कॉल

कई रिसर्च में यह बात सामने आई है कि किडनी की खराबी के कुछ शुरुआती लक्षण आंखों के आसपास दिखाई दे सकते हैं. अगर इन लक्षणों को समय रहते पहचान लिया जाए तो किडनी को गंभीर नुकसान से बचाया जा सकता है.
मेडिकल जर्नल द लैंसेट में पब्लिश एक रिसर्च के अनुसार, आंखों के आसपास सूजन (पफी आइज) किडनी की खराबी का प्रमुख शुरुआती संकेत हो सकता है. जब किडनी ठीक से काम नहीं करती तो यह शरीर से एक्स्ट्रा पानी और सोडियम बाहर नहीं निकाल पाती है.
इससे बॉडी में फ्लूड जमा होने लगता है, जो खास तौर पर चेहरे और आंखों के आसपास सूजन के रूप में दिखाई देता है. यह सूजन सुबह के समय ज्यादा नजर आती है और दिन चढ़ने के साथ कम हो सकती है.
आंखों के नीचे डार्क सर्कल्स को अक्सर नींद की कमी या टेंशन से जोड़ा जाता है, लेकिन ये किडनी की खराबी का भी सिग्नल हो सकता है. जब किडनी ठीक से ब्लड को फिल्टर नहीं कर पाती तो शरीर में टॉक्सिन्स जमा होने लगते हैं. इन टॉक्सिन्स के कारण स्किन का रंग बदल सकता है, जो खासकर आंखों के आसपास की नाजुक स्किन पर जल्दी नजर आता है.
नेशनल किडनी फाउंडेशन के मुताबिक, किडनी की समस्या के कारण शरीर में प्रोटीन और अन्य पोषक तत्वों का बैलेंस बिगड़ जाता है, जिससे स्किन पीली पड़ने लगती है और आंखों के नीचे काले घेरे बनने लगते हैं.
किडनी की खराबी के कारण शरीर में टॉक्सिन्स और अपशिष्ट पदार्थ जमा हो सकते हैं, जिससे आंखों में जलन और लालिमा की दिक्कत हो सकती है. यह लक्षण खासकर तब नजर आता है, जब किडनी ब्लड में इलेक्ट्रोलाइट्स का बैलेंस बनाए रखने में नाकाम हो जाती है.
किडनी की खराबी के कारण खून में फॉस्फोरस की मात्रा बढ़ सकती है, जिससे स्किन में खुजली और रूखापन होने लगता है. यह दिक्कत आंखों के आसपास की त्वचा को भी प्रभावित करती है. जर्नल ऑफ नेफ्रोलॉजी में पब्लिश एक स्टडी के मुताबिक, किडनी की समस्या से पीड़ित मरीजों में त्वचा की खुजली एक आम लक्षण है, जो खास तौर पर चेहरे और आंखों के आसपास देखा जाता है.
किडनी की खराबी के कारण हाई ब्लड प्रेशर बढ़ सकता है, जो आंखों की खून की धमनियों को प्रभावित करता है. इससे रेटिना में सूजन या डायबिटिक रेटिनोपैथी जैसी दिक्कतें हो सकती हैं, जिनके कारण नजर धुंधली हो सकती है.