डूबने की कगार पर है एक सड़क पर बसा यह देश, कदमों में सिमट जाता है यहां का सफर!

क्या आप भी घूमने का शौक रखते हैं? अगर हां तो अभी तक आप कितने देशों की सैर कर चुके हैं? क्योंकि हर देश की अपनी खासियत होती है. कोई क्षेत्रफल में खास है, कहीं की मिट्टी अलग है तो कहीं का पानी. लेकिन आज हम आपको एक ऐसे देश के बारे में बताने जा रहे हैं जिसकी लंबाई सिर्फ 12 किलोमीटर और चौड़ाई सिर्फ 200 मीटर है. इसका नाम है तुवालू. यह प्रशांत महासागर में हवाई और ऑस्ट्रेलिया के बीच में स्थित है. चलिए आपको इसकी खासियत बताएं.
तुवालु को दुनिया का सबसे छोटा देश कहा जाता है. दरअसल यह एक द्वीपीय देश है, जो कि सिर्फ 26 स्क्वायर किलोमीटर में स्थित है. इसका नाम दुनिया के चौथे सबसे छोटे देश में आता है.
इस देश में लोगों की संख्या 12,373 के आसपास है. जितना खूबसूरत यह देश देखने में है, यहां पर हर साल सिर्फ दो से तीन हजार यात्री ही आते हैं.
इस देश में आने के लिए सिर्फ एक रास्ता है और वो है हवाई मार्ग. इस देश की राजधानी फनाफुटि है. साल 2021 में यहां के तत्कालीन विदेश मंत्री ने देश के दर्द को सबके सामने रखा था.
यह उन देशों का मेंबर भी है, जो कि 9 आइलैंड से मिलकर बने हैं. रिपोर्ट्स की मानें तो यह देश जल्द ही दुनिया के नक्शे से गायब हो जाएगा.
दरअसल दुनिया में हो रही ग्लोबल वॉर्मिंग की वजह से समुद्र का जलस्तर बढ़ रहा है, इसीलिए तुवालु के डूबने का खतरा बना हुआ है.
वहीं यूनिवर्सिटी ऑफ ऑकलैंड के शोधकर्ताओं का दावा है कि इस देश का आकार नेचुरली बढ़ गया है.
यहां के लोगों को स्पोर्ट्स खेलना बहुत पसंद है. ऐसे में जब यहां रनवे पर प्लेन नहीं उतरते हैं, तब यहां के लोकल्स मनमर्जी के स्पोर्ट्स खेलने के लिए आ जाते हैं.