Gray Hair Reasons: बढ़ती उम्र के साथ आखिर क्यों हो जाते हैं बाल सफेद, जानें क्या है इसके पीछे की वजह?
बालों को उनका रंग मेलेनिन नाम के पिगमेंट से मिलता है. यह बालों के फॉलिकल्स के अंदर मेलानोसाइट्स नाम के खास सेल्स से बनाया जाता है. जैसे-जैसे हमारी उम्र बढ़ती है ये सेल्स धीरे-धीरे मेलेनिन को बनाना कम कर देते हैं या फिर बंद कर देते हैं. जब नए बाल बिना पर्याप्त पिगमेंट के उगते हैं तो वे ग्रे या फिर सफेद दिखते हैं.
बढ़ती उम्र के साथ शरीर बालों के फॉलिकल्स में हाइड्रोजन पेरोक्साइड जमा करना शुरू कर देता है. आमतौर पर एंजाइम इस केमिकल को तोड़ देते हैं लेकिन जब सिस्टम कमजोर हो जाता है तो हाइड्रोजन पेरोक्साइड बालों को अंदर से ब्लीच करना शुरू कर देते हैं. इससे वे ग्रे या फिर सफेद हो जाते हैं.
बालों के सफेद होने का समय जेनेटिक्स से काफी ज्यादा प्रभावित होता है. अगर आपके माता-पिता या फिर दादा-दादी के बाल जल्दी सफेद हुए थे तो ऐसी संभावना है कि आपको भी यह जल्दी दिख सकता है.
विटामिन B12, विटामिन D, आयरन और कॉपर जैसे जरूरी पोषक तत्वों की कमी मेलेनिन प्रोडक्शन और बालों के स्वास्थ्य में रुकावट डाल सकती है.
फ्री रेडिकल्स के कारण होने वाले ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस का उच्च स्तर मेलानोसाइट्स को नुकसान पहुंचा सकता है. पुराना मानसिक तनाव भी इस नुकसान को और भी ज्यादा खराब करता है. इससे पिगमेंट का नुकसान तेज होता है और बाल तेजी से सफेद होते हैं.
कुछ मेडिकल मामलों में जिनमें थायराइड डिसऑर्डर और विटिलिगो जैसी ऑटोइम्यून बीमारियां शामिल हैं, मेलेनिन प्रोडक्शन को रोक सकती है. ऐसे मामलों में बाल अचानक या फिर असामान्य रूप से कम उम्र में सफेद हो सकते हैं.