Petrol Price Hike: क्या प्रीमियम पेट्रोल में भी मिलाया जाता है एथेनॉल, फिर इसे क्यों कहा जाता है प्रीमियम?

Petrol Price Hike: मिडिल ईस्ट में चल रहे तनाव का असर ईंधन की कीमतों पर काफी ज्यादा पड़ा है. हाल ही में प्रीमियम पेट्रोल और प्रीमियम डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी देखने को मिली है. इसी बीच पर्यावरण से जुड़ी नीतियां सख्त होती जा रही हैं. भारत में पैट्रोल सप्लाई में एथेनॉल ब्लेंडिंग एक आम बात बन गई है. लेकिन सवाल यह उठता है कि अगर रेगुलर और प्रीमियम दोनों तरह के पेट्रोल में एथेनॉल होता है तो असल में प्रीमियम फ्यूल अलग कैसे माना जाता है? आइए जानते हैं क्या है इस सवाल का जवाब.
सरकार के मौजूदा नियमों के मुताबिक पूरे भारत में रेगुलर और प्रीमियम दोनों तरह के पेट्रोल में एथेनॉल ब्लेंडिंग का इस्तेमाल किया जाता है. इसका मतलब है कि प्रीमियम फ्यूल भी इथेनॉल से मुक्त नहीं होते.
दरअसल मुख्य फर्क ऑक्टेन रेटिंग में होता है. प्रीमियम पेट्रोल में आमतौर पर ऑक्टेन नंबर ज्यादा होता है. यह नंबर 95 RON या उससे ज्यादा भी हो सकता है. इससे इंजन में फ्यूल ज्यादातर असरदार तरीके से जलता है. इससे जलने की प्रक्रिया पर बेहतर कंट्रोल रहता है.
प्रीमियम पैट्रोल को समय से पहले जलने से रोकने के लिए डिजाइन किया गया है. इसकी वजह से इंजन में नॉकिंग या फिर पिंग की आवाज आती है. इसे रोक कर यह इंजन की परफॉर्मेंस को स्मूद बनाता है. इसी के साथ यह इंजन के पुर्जो पर पड़ने वाले दबाव को कम करता है और ड्राइविंग के अनुभव को ज्यादा आरामदायक बनाता है.
रेगुलर पेट्रोल के उलट प्रीमियम पेट्रोल में सफाई करने वाले खास डिटर्जेंट और एडिटिव्स होते हैं. ये केमिकल इंजन के पुर्जों को साफ रखने में मदद करते हैं, कार्बन जमा होने से रोकते हैं और फ्यूल इंजेक्टर को ठीक से काम करने के लायक बनाते हैं.
प्रीमियम पैट्रोल खासतौर पर उन गाड़ियों के लिए सही रहता है जिनमें ज्यादा कम्प्रेशन वाले इंजन होते हैं. इन इंजनों को अंदरूनी पूर्ण को नुकसान पहुंचाए बिना बेहतर एक्सीलरेशन, पावर और स्मूदनेस देने के लिए ज्यादा अच्छी क्वालिटी वाले फ्यूल की जरूरत होती है.
भले ही दोनों तरह के फ्यूल में एथेनॉल ब्लेंडिंग का आम बात हो लेकिन इसके बावजूद भी प्रीमियम पैट्रोल अपनी खास बनावट की वजह से सबसे अलग है. ज्यादा ऑक्टेन और एडिटिव्स के मेल से बेहतर माइलेज, बेहतर थ्रोटल रिस्पांस और ड्राइविंग का ज्यादा बेहतर अनुभव मिलता है.