यहां सड़कों पर लगे ह्यूमन रेफ्रिजरेटर, जानें कैसे करते हैं काम?

इस वक्त भले ही भारत में मानसून हो, लेकिन कई जगहों पर गर्मी भी कम नहीं है. ऐसे में एक ऐसा देश है, जहां रिकॉर्ड तोड़ गर्मी और लू के सितम से लोगों को बचाने के लिए एक अनूठी तकनीक सामने आई है. इस स्थिति से निपटने और लोगों को तुरंत राहत पहुंचाने के उद्देश्य से वहां की सरकार और निजी कंपनियों ने मिलकर ह्यूमन रेफ्रिजरेटर तैयार किया है. चलिए इसके बारे में विस्तार से जानें.
यूरोप की तरह से जापान में भी इस साल तापमान लगातार नए रिकॉर्ड बना रहा है, जिससे आम लोगों और खुले में काम करने वाले मजदूरों का जीना मुहाल हो गया है.
भीषण हीटवेव के के मद्देनजर जापानी प्रशासन और निजी संस्थाओं ने राहत के आधुनिक उपाय तलाशने शुरू कर दिए हैं. इसी कड़ी में जापान में डू हिएमोन बॉक्स नाम का एक खास कूलिंग बूथ पेश किया गया है.
यह एक ठंडा बूथ है, जो कि एक समय में केवल एक ही व्यक्ति के बैठने के हिसाब से डिजाइन किया गया है. इसका मुख्य उद्देश्य भीषण धूप में काम कर रहे लोगों को तुरंत ठंडक पहुंचाना है.
इस ह्यूमन फ्रिज का निर्माण जापान की प्रसिद्ध रेफ्रिजरेशन और वेंडिंग मशीन निर्माता कंपनी एसडीआरएस ने किया है. वहीं, इंडस्ट्रियल इक्विपमेंट की आपूर्ति करने वाली बड़ी कंपनी ट्रस्को नाकायामा है, जो कि इसे बाजार में बेच रही है.
इसका आइडिया जापान की उन मशहूर रेफ्रिजरेटेड वेंडिंग मशीनों से प्रेरित है, जो बोतलों को ठंडा रखती हैं. इंजीनियरों ने इसी तकनीक को और ज्यादा डेवलप करके इंसानों को ठंडा करने वाला ढांचा तैयार किया है.
इस ह्यूमन फ्रिज के काम करने का तरीका बेहद वैज्ञानिक और प्रभावी माना जाता है. बूथ के अंदर का औसतन तापमान हमेशा 15 डिग्री सेल्सियस पर स्थिर रखा जाता है.
जब भी कोई व्यक्ति इसके अंदर रखी खास कुर्सी या जगह पर बैठता है, तो मशीन से लगभग 5 डिग्री सेल्सियस की बेहद ठंडी हवा बहने लगती है. यह ठंडी हवा इंसान के सीधे सिर, गर्दन, कंधों और पीठ पर पहुंचती है.
शरीर के इन मेन हिस्सों पर तुरंत ठंडक पहुंचने से शरीर का तापमान तेजी से गिरता है. महज पांच मिनट के इस्तेमाल से ही व्यक्ति को गर्मी से भारी राहत महसूस होने लगती है.