पाकिस्तान में किस जगह आते हैं सबसे ज्यादा भूकंप? जानें धरती डोलने का कितना है खतरा
नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी की मानें तो पहला भूकंप का झटका दोपहर 1.32 बजे महसूस किया था, जिसकी तीव्रता 4.1 मापी गई थी. इसकी गहराई जमीन से 10 किलोमीटर नीचे की तरफ थी.
इसके थोड़ी ही देर के बाद दोपहर 1.45 बजे फिर से पाकिस्तान की धरती डोली और इस बार तीव्रता 4.4 दर्ज की गई थी. दोनों बार का सेंटर पाकिस्तान के गाजी खान इलाके के पास रहा.
पाकिस्तान के कई इलाके हैं, जो कि भूकंप के लिहाज से बहुत संवेदनशील मानें जाते हैं. इनमें खासतौर से कराची, बलूचिस्तान, डेरा गाजी खान और चित्राल में अक्सर भूकंप आते हैं.
पाकिस्तान में रिंग ऑफ फायर (प्रशांत महासागर की सीमा) और अल्पाइड बेल्ट के कारण बड़े भूकंप भी आ चुके हैं. 2005 में मुजफ्फराबाद में 7.6 तीव्रता का भूकंप आया था.
कराची में तो बड़े भूकंप का रिकॉर्ड नहीं है, लेकिन इसकी टेक्टॉनिक स्थिति की वजह से यह जोखिम में हमेशा रहता है.
इसके अलावा पाकिस्तान में सबसे ज्यादा भूकंप बलूचिस्तान, खैबर पख्तूनख्वा और गिलगिट-बाल्टिस्तान प्रांतों की तरफ आता है.
ये इलाके ईरानी पठार पर यूरेशियन प्लेट के दक्षिणई किनारे पर स्थित हैं, जो भूकंपीय गतिविधियों के लिए अतिसंवेदनशील हैं. इन क्षेत्रों में भूकंप का कारण भारतीय और यूरेशियन प्लेटों का टकराना है.