ये हैं अमेरिका के कट्टर दुश्मन देश, तीसरा विश्व युद्ध हुआ तो कितना पड़ेगा भारी
हाल के दिनों में वैश्विक स्तर पर हो रही उठापटक के बाद कई देशों के बीच तनाव बढ़ गया है. बीते दिनों चीन ने अमेरिका को खुले तौर पर धमकी दी थी और कहा था वह हर तरह के युद्ध के लिए तैयार है. ऐसे में आइए जानते हैं कि चीन के अलावा अमेरिका के कट्टर दुश्मन देश कौन से हैं?
अमेरिका और रूस के बीच प्रतिस्पर्धा किसी से छिपी नहीं है. चाहे स्पेस सेक्टर हो या डिफेंस, हर मामले में अमेरिका को रूस से टक्कर मिली है. दोनों देशों के बीच चले शीत युद्ध के बाद भले ही सोवियत संघ का विघटन हो गया हो, लेकिन रूस अभी भी अमेरिका के लिए चुनौती बना हुआ है.
चीन दूसरा ऐसा देश है, जो अमेरिका के लिए सिरदर्द बना हुआ है. एशिया में चीन ही एकमात्र वह देश है, जिसने अमेरिका को हर क्षेत्र में टक्कर दी है. टेक्नोलॉजी, स्पेस और डिफेंस सेक्टर में चीन किसी मामले में अमेरिका से पीछे नहीं है. अपनी नीतियों के कारण यह देश लंबे समय से अमेरिका की आंख में चुभता रहा है.
अमेरिका का तीसरा बड़ा दुश्मन उत्तर कोरिया है. अमेरिका और उत्तर कोरिया के संबंध लंबे समय से खराब रहे हैं और दोनों देश एक-दूसरे के खिलाफ लगातार बयानबाजी करते रहते हैं. यहां तक कि उत्तर कोरिया के तानाशाह किम-जोंग-उन सीधे तौर पर अमेरिका को परमाणु हमले की धमकी देते रहते हैं.
ईरान और अमेरिका के बीच भी तकरार लंबे समय से रही है. ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह खामनेई लगातार अमेरिका के खिलाफ बयानबाजी करते रहते हैं. अमेरिका ने ईरान पर कई तरह के प्रतिबंध भी लगाए हैं. इसके बावजूद ईरान अमेरिका के खिलाफ डटकर खड़ा रहा है.
वेनेजुएला और क्यूबा भी हमेशा से अमेरिका के खिलाफ रहे हैं. ये दोनों देश वैचारिक स्तर पर पूंजीवादी देशों के खिलाफ रहे हैं और दोनों देशों के नेताओं ने अमेरिका के खिलाफ लंबे समय से मोर्चा खोला हुआ है.