Prashant Kishor: लालू यादव से लेकर नीतीश कुमार तक, सब पर भड़के प्रशांत किशोर; बोले- बिहार को जिन्होंने गर्त में...

बिहार में अगले साल 2025 में विधानसभा चुनाव से पहले चुनावी रणनीतिकार और जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर (पीके) सड़क से लेकर सोशल मीडिया तक लोगों के बीच अपनी पकड़ मजबूत करने में लगे हैं. पीके इसी कड़ी में ताबड़तोड़ जन सभाएं और रैलियां कर रहे हैं और इस दौरान वह बिहार के लोगों को यह समझाते हैं कि वह क्यों राजनीति में उनके लिए नेता के तौर पर अच्छा विकल्प बन सकते हैं.
जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर का मानना है कि बिहार के लोगों को सबसे पहले उन लोगों से पीछा छुड़ाना होगा, जिन्होंने राज्य को पिछले कुछ साल में गर्त में पहुंचाया है.
पीके ने कहा, कुछ लोग मुझसे कहते हैं कि हम आप पर कैसे भरोसा करें? मुझ पर मत करो पर जो पहले से ठग रहा है, उस पर क्यों यकीन कर रहे हो, ये बता दो?
चुनावी रणनीतिकार आगे बोले कि एक आदमी ठग भी हो सकता है और ठीक भी हो सकता है. उसके ठीक होने की 50% संभावना भी है, जबकि दूसरा 100% भ्रष्ट है.
प्रशांत किशोर ने सवाल उठाया, आप दोनों में से किसके साथ चलने को तैयार हैं? जिन नेताओं ने आपको (बिहार को) गर्त में डाल दिया, पहले उनसे तो पिंड छुड़ा लो!
जन सभा के दौरान पीके बोले कि कोई जबरदस्ती नहीं है. आपको जो अच्छा लगे, आप उसे चुनें मगर पहले बिहार को गर्त में डालने वाले नेताओं से अपना पीछा छुड़ाइए.
पीके ने जोर देकर कहा कि कुछ करने का अवसर मिला है. हम करें, आप करें या कोई और करे...आज करे या बाद में पर करना किसी न किसी बिहारी को ही पड़ेगा.
उदाहरण से समझाते हुए जन सुराज के संस्थापक ने दावा किया कि कोई भी कितना भी बड़े दिल का हो, तमिलनाडु छोड़कर वह बिहार को सुधारने के लिए यहां नहीं आएगा.
प्रशांत किशोर ने आगे यह भी कहा कि अगर तमिलनाडु, कर्नाटक या पंजाब से कोई बिहार सुधार करने आएगा भी तब बिहार की जनता उसे स्वीकार नहीं करेगी.