Home Loan: बड़े काम के हैं ये पांच तरीके, होम लोन की ईएमआई हो जाएगी कम
इस साल मई से पांच बार रिजर्व बैंक की ओर से रेपो रेट (RBI Repo Rate) में बढ़ोतरी करने के कारण होम लोन की EMI 2.25 प्रतिशत बढ़ चुकी है. इसके साथ आगे भी ब्याज दरों में बढ़ोतरी हो सकती है. इस बढ़ोतरी से Home Loan लेने वालो को अधिक ब्याज चुकाना होगा. इसके अलावा, कार लोन, बिजनेस लोन और अन्य लोन लेने पर भी अधिक ब्याज देना होगा.
बैंकों की ओर से बढ़ते हुए इस लोन को कंट्रोल तो नहीं किया जा सकता है, लेकिन कुछ तरीके से आप अपने लोन को मैनेज (Manage Loan Amount) कर सकते हैं. यहां पांच तरीके बताए गए हैं, जिससे आप अपने लोन की EMI को कम कर सकते हैं.
1. बाहरी बेंचमार्क, आधार दर, बीपीएलआर या एमसीएलआर किसी भी आधार पर लोन लिया गया हो, सभी पर बढ़ोतरी हुई है. अगर आपने अक्टूबर 2019 में लोन लिया था, तो आपकी ब्याज दर में बदलाव नहीं होगा. हालांकि अगर आप आवेदन में बदलाव करते हैं तो नया ब्याज लागू हो सकता है. वहीं, यह भी देखना चाहिए कि कहीं आपका पुराना लोन वर्तमान लोन से अधिक तो नहीं है. अगर ऐसा है तो बदलाव कर सकते हैं.
2. कम दर पर लोन लेने का प्रयास करना चाहिए. सभी बैंकों की ओर से लोन पर अलग-अलग ब्याज दर दिए जाते हैं, इनमें से आप सबसे कम ब्याज दर का चुनाव करके लोन ले सकते हैं.
3. अगर आपका क्रेडिट स्कोर खराब है, तो बैंक की ओर से आपको अधिक ब्याज पर लोन दिया जा सकता है, लेकिन सिबिल स्कोर अच्छा होने पर आप कम ब्याज दर के लिए बैंक से मोलभाव कर सकते हैं.
4. अगर आपके होम लोन का ब्याज कम है और फिर भी अधिक ईएमआई होने से लोन की राशि हर महीने देने में परेशानियों का सामना कर रहे हैं, तो आप अपने होम लोन के टेन्योर को बैंक से बढ़वा सकते हैं और लोन की ईएमआई कम करा सकते हैं.
5. अगर आपके पास अतिरिक्त पैसा है, तो आप होम लोन के लिए प्रीपेमेंट कर सकते हैं. प्रीपेमेंट करने से होम लोन की मूल राशि कम हो जाती है, जिससे मंथली किस्त भी कम हो जाती है.