Car Battery Draining: बार-बार डाउन हो रही कार की बैटरी? ये चीजें करें चेक

अगर आपकी कार की बैटरी बार-बार डाउन हो जाती है, तो यह सिर्फ इत्तेफाक नहीं है, बल्कि इसके पीछे कोई न कोई ठोस वजह जरूर होती है. कई बार लोग इस समस्या को नजरअंदाज कर देते हैं और हर बार बैटरी को जंप स्टार्ट करवाकर काम चला लेते हैं, लेकिन अगर यह दिक्कत बार-बार हो रही है, तो इसे समय रहते चेक करवाना जरूरी है. वरना अचानक रास्ते में गाड़ी बंद हो सकती है और परेशानी बढ़ सकती है. आइए जानते हैं कि बार-बार बैटरी डाउन होने के पीछे कौन-कौन सी वजहें हो सकती हैं और आपको किन चीजों की जांच जरूर करानी चाहिए.
सबसे पहली और आम वजह होती है बैटरी टर्मिनल में जंग लगना. समय के साथ बैटरी के टर्मिनल पर सफेद या हरे रंग की परत जम जाती है, जिसे कोरोजन कहा जाता है. इससे बैटरी और गाड़ी के बीच सही तरीके से करंट नहीं पहुंच पाता, जिसकी वजह से बैटरी जल्दी डाउन होने लगती है. इसलिए समय-समय पर बैटरी के टर्मिनल को साफ करवाते रहना चाहिए और यह भी देखना चाहिए कि तार कहीं ढीले तो नहीं हैं.
दूसरी बड़ी वजह हो सकती है अल्टरनेटर में खराबी. अल्टरनेटर वह पार्ट होता है, जो गाड़ी चलते समय बैटरी को चार्ज करता रहता है. अगर अल्टरनेटर सही तरीके से काम नहीं कर रहा है, तो गाड़ी चलाने के बावजूद बैटरी चार्ज नहीं हो पाती और धीरे-धीरे बैटरी डाउन होने लगती है. इसकी जांच के लिए किसी मैकेनिक से अल्टरनेटर की वोल्टेज चेक करवाना सही रहता है, ताकि पता चल सके कि वह सही मात्रा में चार्जिंग दे रहा है या नहीं.
तीसरी वजह है गाड़ी में कोई ऐसी चीज ऑन छूट जाना, जो बैटरी की पावर लगातार खींचती रहती है. जैसे हेडलाइट, इंटीरियर लाइट या म्यूजिक सिस्टम गलती से ऑन रह जाना. इसे पैरासिटिक ड्रेन भी कहा जाता है. कई बार गाड़ी में लगे एक्स्ट्रा एक्सेसरीज जैसे डैश कैम या इनवर्टर भी लगातार बैटरी से पावर खींचते रहते हैं, भले ही गाड़ी बंद हो. इसलिए गाड़ी पार्क करने से पहले यह जरूर देख लें कि कोई भी लाइट या डिवाइस ऑन तो नहीं छूटी है.
चौथी वजह हो सकती है बैटरी की उम्र का पूरा हो जाना. आमतौर पर एक कार बैटरी की लाइफ करीब तीन से पांच साल तक होती है. अगर आपकी बैटरी इस उम्र को पार कर चुकी है, तो उसकी चार्ज होल्ड करने की क्षमता कम हो जाती है, जिससे वह बार-बार डाउन होने लगती है. ऐसे में बैटरी को समय रहते बदलवा लेना ही सही रहता है, ताकि अचानक रास्ते में परेशानी न हो.
पांचवीं वजह हो सकती है छोटी-छोटी दूरी के लिए बार-बार गाड़ी चलाना. जब गाड़ी सिर्फ थोड़ी देर के लिए स्टार्ट होती है और तुरंत बंद कर दी जाती है, तो बैटरी को पूरी तरह चार्ज होने का समय नहीं मिल पाता. इससे धीरे-धीरे बैटरी कमजोर होती जाती है. इसके अलावा बहुत ज्यादा गर्मी या बहुत ज्यादा ठंड का मौसम भी बैटरी की परफॉर्मेंस पर असर डालता है, क्योंकि दोनों ही तरह के मौसम में बैटरी की केमिकल प्रोसेस प्रभावित होती है.
अगर आपकी कार की बैटरी बार-बार डाउन हो रही है, तो ऊपर बताई गई सभी चीजों को एक-एक करके जरूर चेक करवाएं. टर्मिनल की सफाई, अल्टरनेटर की जांच, गाड़ी में कोई भी लाइट या डिवाइस ऑन तो नहीं है यह देखना, बैटरी की उम्र का ध्यान रखना और लंबी दूरी की ड्राइविंग करते रहना इन सब बातों का ख्याल रखने से आप इस परेशानी से बच सकते हैं. अगर फिर भी समस्या बनी रहती है, तो बिना देर किए किसी अच्छे मैकेनिक से गाड़ी की पूरी जांच जरूर करवाएं, ताकि आगे चलकर कोई बड़ी दिक्कत न आए.