Navratri Jware: बहुत काम के हैं जवारे, जानें नवरात्रि के बाद जवारों का क्या करें
नवरात्रि के पहले कलश स्थापना के साथ जौ बोए जाते हैं. 9 दिन तक उन्हें सींचा जाता है ताकि हरे-भरे जवारे उग सकें. नवरात्रि के जवारे घर में सुख-समृद्धि लाते हैं. जवारों को आने वाली फसल से भी जोड़कर देखा जाता है.
नवरात्रि के पहले कलश स्थापना के साथ जौ बोए जाते हैं. 9 दिन तक उन्हें सींचा जाता है ताकि हरे-भरे जवारे उग सकें. नवरात्रि के जवारे घर में सुख-समृद्धि लाते हैं. जवारों को आने वाली फसल से भी जोड़कर देखा जाता है.
नवरात्रि के कुछ जवारों को परिवार के सदस्यों में बांटें. बड़ों से आशीर्वाद लें. कहते हैं हरे-भरे जवारों को देवी दुर्गा का आशीर्वाद माना जाता है. इनके घर में होने से परिवार में क्लेश नहीं होते.
नवरात्रि के कुछ जवारों को परिवार के सदस्यों में बांटें. बड़ों से आशीर्वाद लें. कहते हैं हरे-भरे जवारों को देवी दुर्गा का आशीर्वाद माना जाता है. इनके घर में होने से परिवार में क्लेश नहीं होते.
जौ ब्रह्मस्वरूप है, सृष्टि के प्रारंभ में स्वयं ब्रह्माजी ने जौ की उत्पत्ति की गई. इसे संसार का पहला अनाज माना गया है. कहते हैं. नवरात्रि में जौ मां दुर्गा को अर्पित कर आने वाले अच्छी फसल की कामना की जाती है.