हर जन्मतिथि का अपना वैदिक श्लोक, जानिए आपके बच्चे का कौन-सा है मंत्र सही?
क्या आपने कभी सोचा है कि, अपने बच्चों को वैदिक श्लोकों के बारे में सिखाया जाए. नहीं, तो यह सही वक्त है कि आप अपने बच्चे को कुछ वैदिक श्लोक सिखाएं जो उनकी जन्मतिथि से मेल खाती हों, क्योंकि यह काफी जरूरी है कि आपके बच्चे को ये आसान बातें सिखाई जाएं जो जिंदगी में अच्छे बदलाव लाने के लिए जरूरी है. सुबह के समय जब ये श्लोक पढ़े जाते हैं तो यह आपके बच्चों की आभा पर अच्छा प्रभाव डालते हैं और उनकी अंदर की ताकत को बढ़ाने में मदद करते हैं.
मूलांक 1 वाले राशि का स्वामी सूर्य ग्रह होता है, इस वजह से उन्हें गायत्री मंत्र ॐ भूर् भुवः स्वाहा तत्सवितुर वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियोयोनः प्रचोदयात् का जाप करना चाहिए. ऐसा करने से आत्मबल में वृद्धि होती है.
मूलांक 2 वाले जातकों का स्वामी चंद्रमा ग्रह होता है, इसलिए जिन भी बच्चों का जन्म किसी भी माह की 2 तारीख को हुआ है उन्हें हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे का जाप करना चाहिए, ऐसा करने से मन, दिल और आत्मा को शांति मिलती है.
मूलांक 3 वालों का स्वामी गुरु या बृहस्पति है, जिसे रूलिंग प्लैनेट भी कहा जाता है. इसलिए अंक 3 के बच्चों को गुरु ब्रह्मा गुरु विष्णु गुरु देवो महेश्वरा गुरु साक्षात् परब्रह्म तस्मै श्री गुरुवे नमः मंत्र का जाप करना चाहिए. इससे उन्हें जीवन में सही रास्ता दिखाने में मदद मिलती है.
जिन भी बच्चों का जन्म किसी भी माह की 4 तारीख को हुआ है, उनका मूलांक 4 होता है. इन जन्म राशि वालों का स्वामी राहु ग्रह होता है. उन्हें ओम नमः शिवाय मंत्र का जाप करना चाहिए.
किसी भी महीने की 5,14, 23 को जन्म लेने वाले बच्चों का मूलांक 5 होता है. इन जन्म राशि वालों के लिए बुध ग्रह रूलिंग प्लैनेट है और उन्हें रोजाना या देवी सर्वभूतेषु विद्या रूपेण संस्थिता नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः मंत्र का जाप करना चाहिए, क्योंकि इससे उनके ज्ञान में वृद्धि होती है.
6, 15, 24 तारीख को जन्म लेने वाले लोगों का स्वामी शुक्र होता है और उन्हें कराग्रे वस्ते लक्ष्मी कर मध्ये सरस्वती कर मूले तू गोविंदा प्रभाते कर दर्शनम् मंत्र का जाप करना चाहिए. इससे लग्जरी, सुंदरता और पॉजिटिव आभा में वृद्धि होती है.
7, 16, 25 तारीख को जन्मे बच्चों का मूलांक 7 होता है. इन ज्म राशि वाले जातकों का स्वामी केतु ग्रह होता है और उन्हें ॐ वक्रतुंड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभा निर्विघ्नं कुरुमाय देव सर्व कार्येषि सर्वदा मंत्र का जाप करना चाहिए. इससे शांति मिलने के साथ जीवन में बाधा मुक्त होती है.
8, 17, 26 तारीख को जन्मे बच्चों का मूलांक 8 होता है, इनका रूलिंग प्लैनेट शनि ग्रह है. इस संख्या के बच्चों को कर्मण्ये वा धिकारस्ते मा फलेषु कदाचन धर्म संस्थापनार्थे संभवामि युगे युगे मंत्र का जाप करना चाहिए. यह कृष्ण श्लोक भगवद गीता का है, जो जीवन में अनुशासन और ईमानदारी अपनाने में मदद करता है.
मूलांक 9 राशि वालों का मंगल ग्रह स्वामी है. इन बच्चों को श्री राम चंद्राय नमः मंत्र का जाप करने की सलाह दी जाती है. इससे उन्हें अपनी शक्ति, ताकत और रहस्य बढ़ाने में मदद मिलेगी.