क्या राजस्थान, हरियाणा और पंजाब में भी चाय की खेती कर सकते हैं? कमाई का सौदा है
अक्सर आपने नॉर्थ-ईस्ट के राज्यों जैसे असम में चाय की खेती होने के बारे में सुना होगा. यहां उगने वाली चाय भारत के अन्य राज्यों ही नहीं बल्कि विदेशों तक जाती है. चाय की खेती और सप्लाई से किसानों को काफी फायदा मिलता है.
लेकिन क्या राजस्थान, हरियाणा और पंजाब जैसे राज्यों के किसान इसकी खेती कर सकते हैं, आइए जानते हैं...
जी हां राजस्थान, हरियाणा और पंजाब में भी चाय की खेती हो सकती है. यहां रहने वाले किसान भाई भी चाय की खेती कर सकते हैं. लेकिन उन्हें कुछ विशेष बातों का ध्यान रखा होगा.
चाय की खेती करने के लिए अनुकूल जलवायु और मिट्टी की जरूरत होती है. चाय की खेती करने के लिए 150 से 200 सेंटीमीटर बारिश, तापमान 20 से 30 डिग्री सेल्सियस और मिट्टी अम्लीय होनी चाहिए. राजस्थान, हरियाणा और पंजाब के जिन इलाकों में ये जरूरतें पूरी होती हैं, वहां चाय उगाई जा सकती है.
चाय की खेती से किसानों की आय में वृद्धि हो सकती है. उन्हें इसकी खेती में अन्य फसलों की अपेक्षा में अधिक मुनाफा मिल सकता है.
चाय की खेती से विभिन्न रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे. इससे आसपास के लोगों को रोजगार मिलेगा.