पाकिस्तान में जेडी वेंस की धमाकेदार एंट्री, आखिर क्यों अमेरिका ने उन्हीं पर लगाया शांति का सबसे बड़ा दांव
US Iran Peace Talks in Pakistan: ईरान और अमेरिका के बीच जारी युद्ध के बीच इस्लामाबाद में अहम शांति वार्ता होने जा रही है, जिसका नेतृत्व अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस कर रहे हैं.

US Iran Peace Talks in Pakistan: ईरान-अमेरिका युद्ध के बीच एक बड़ा कूटनीतिक मोड़ सामने आया है. जिस नेता ने इस युद्ध की शुरुआत से ही विरोध किया, अब वही उसे खत्म कराने की सबसे अहम जिम्मेदारी निभाने जा रहा है. अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस इस्लामाबाद पहुंच चुके हैं, जहां उनकी ईरान के शीर्ष नेताओं के साथ होने वाली बातचीत पर पूरी दुनिया की नजरें टिकी हैं. यह वार्ता न सिर्फ युद्धविराम को स्थायी बना सकती है, बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था और तेल बाजार पर पड़े असर को भी बदल सकती है.
ईरान की पसंद बने जेडी वेंस
Reuters की रिपोर्ट्स के अनुसार, जेडी वेंस को इन वार्ताओं का नेतृत्व करने के लिए खास तौर पर चुना गया है. बताया जा रहा है कि ईरान के नेतृत्व के एक वर्ग ने उन्हें बातचीत के लिए स्वीकार्य चेहरा माना है. ईरान में वेंस को अमेरिकी राष्ट्रपति के करीबी लोगों में सबसे ज्यादा ‘युद्ध विरोधी’ माना जाता है. यही वजह है कि तेहरान को लगता है कि वह बातचीत के लिए सबसे उपयुक्त प्रतिनिधि हैं.
ईरान के शीर्ष नेताओं से होगी मुलाकात
जेडी वेंस जल्द ही ईरान की संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बाकर गालिबाफ और विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची से मुलाकात करेंगे. यह 1979 के बाद से वॉशिंगटन और तेहरान के बीच सबसे उच्च स्तर की आमने-सामने की बातचीत होगी. इस दौरान उनके साथ विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और राष्ट्रपति के दामाद जेरेड कुशनर भी मौजूद रहेंगे.
हैंडशेक पर संशय
दोनों देशों के बीच लंबे समय से चले आ रहे तनाव को देखते हुए यह साफ नहीं है कि नेता आपस में हाथ मिलाएंगे या नहीं. हालांकि उम्मीद है कि बातचीत के दौरान तनाव को और बढ़ाने से बचा जाएगा, क्योंकि इस युद्ध का असर वैश्विक अर्थव्यवस्था पर काफी महंगा साबित हुआ है.
अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल में संतुलन की कोशिश
अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल में सत्ता और बातचीत की क्षमता के बीच संतुलन देखने को मिल रहा है. जेडी वेंस के पास राजनीतिक प्रभाव है, जो इस तरह की वार्ताओं के लिए अहम माना जाता है. ईरान में उनकी छवि एक संभावित ‘शांति वार्ताकार’ के रूप में देखी जा रही है. हालांकि स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर को लेकर ईरान में भरोसे की कमी है. ईरानी अधिकारियों का मानना है कि पिछली वार्ताओं के टूटने के लिए ये दोनों जिम्मेदार थे और उन्होंने कूटनीति के बजाय सैन्य रास्ता चुना.
युद्ध खत्म करने के पक्ष में रहे वेंस
जेडी वेंस को युद्ध की रणनीति के बजाय उसे खत्म करने में ज्यादा रुचि रखने वाला नेता माना जाता है. ईरानी वार्ताकारों को लगता है कि वेंस एक समझदारी भरे और संतुलित वार्ताकार हैं, जो किसी निष्कर्ष तक पहुंचने की कोशिश करेंगे. रिपोर्ट के अनुसार, जेडी वेंस अपने ही प्रशासन की नीतियों के सबसे लगातार आलोचकों में से एक रहे हैं, खासकर इस युद्ध को लेकर.
यह बातचीत ऐसे समय हो रही है जब मध्य पूर्व में दो सप्ताह का नाजुक युद्धविराम लागू है. यह शांति का एक दुर्लभ मौका माना जा रहा है. विश्लेषकों का मानना है कि अगर यह वार्ता सफल होती है, तो जेडी वेंस की लोकप्रियता में काफी बढ़ोतरी हो सकती है. उन्हें 2028 के राष्ट्रपति चुनाव के संभावित दावेदारों में भी देखा जा रहा है.
Source: IOCL


























