Yalda Hakim Grilled Sherry Rehman: आतंकवाद के मुद्दे पर दुनियाभर के मीडिया हाउस पाकिस्तान से खरे-खरे सवाल पूछ रहे हैं. पाकिस्तान का पक्ष रखने के लिए उसके नेता अलग-अलग न्यूज चैनलों से बातचीत कर रहे हैं. इस बार बिलावल भुट्टो की पार्टी पीपीपी की नेता का सामना स्काई न्यूज चैनल की होस्ट याल्दा हकीम से हुआ और उन्होंने आतंकवाद को लेकर चुभते सवाल किए तो ये नेता अपनी बगलें झांकती नजर आईं.
पाकिस्तान की पूर्व राजदूत और पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी की सीनेटर शेरी रहमान से जब उनके देश के आतंकवाद से संबंध और कथित तौर पर आतंकवादियों को पनाह देने के बारे में सवाल किया गया तो वह काफी तनाव में नजर आईं. याल्दा ने उनसे आतंकवाद, अलकायदा, ब्रिगेड 313, जैश-ए-मोहम्मद के साथ-साथ पाकिस्तान में पनप रहे आतंकी संगठनों को लेकर सवाल किए.
याल्दा के सवाल और शेरी के जवाब
स्काई न्यूज की होस्ट ने शेरी से पूछा, आतंकवादी घटनाओं और इसके उभार पर नजर रखने वाली सीनियर इंटेलिजेंस एनालिस्ट ने स्काई न्यूज से कहा कि अलकायदा का ब्रिगेड 313 पाकिस्तान से ऑपरेट होता है. ये कई आतंकी संगठनों की अम्ब्रेला ऑर्गनाइजेशन है, जिसमें लशकर-ए-तहरीर और अल जिहाद जैसे संगठन शामिल हैं.
सवाल सुनते ही शेरी के चेहरे का भाव बदल जाता है. वो कहती हैं, मुझे नहीं पता कि आपको यह किसने बताया, लेकिन मैं यह सब बताते हुए कितने भी पन्ने पेश कर सकती हूं. ऐसे तो डिजिटल डॉट्स के आधार पर मैं भी कुछ भी कह सकती हूं. तो क्या इसका मतलब ये हुआ कि अगर भारत में कोई भी हमला होता है तो हम उसके साथ युद्ध की स्थिति में फंसेंगे. उन्होंने भारत के आंतरिक सुरक्षा मुद्दों पर भी ध्यान भटकाने का प्रयास करते हुए कहा, "क्या हम भारत में चल रहे सभी 100 उग्रवादों के लिए जिम्मेदार हैं?"
इसके बाद हकीम ने ऑपरेशन सिंदूर का हवाला दिया, जिसमें पहलगाम हमले के बदले में पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) में नौ आतंकी कैंपों को निशाना बनाया गया था. संयुक्त राष्ट्र की ओर से नामित आतंकी ग्रुप जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम) ने पुष्टि की थी कि हमलों के दौरान बहावलपुर में उसके शीर्ष कमांडर मसूद असगर और उसके 10 परिवार के सदस्य मारे गए थे.
इस पर शेरी रहमान ने अजीबोगरीब जवाब दिया, "बच्चे नेता नहीं होते." उन्होंने आगे कहा कि यूनाइडेट नेशन्स की टीम वहां का दौरा कर चुकी है और वहां पर सिर्फ मस्जिदें हैं और कुछ नहीं. ब्रिगेड 313 के अलकायदा से संबंधों के दावों को खारिज करते हुए उन्होंने तर्क दिया, "आप जिन विश्लेषकों का हवाला दे रही हैं, उनमें से ज्यादातर भारत की कहानी से सहमत हैं. वे केवल भारत की कहानी बताते हैं."
याल्दा हकीम ने ही लिया था ख्वाजा आसिफ का इंटरव्यू
अफगानिस्तान में जन्मी याल्दा हकीम उस वक्त चर्चा में आईं थीं जब उन्होंने 24 अप्रैल को पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ के साथ उनके इंटरव्यू किया था और ख्वाजा ने खुले तौर पर स्वीकार किया कि पाकिस्तान ने आतंकवादी ग्रुपों को ट्रेनिंग,फंड और सहायता दी है. आसिफ ने कहा कि पाकिस्तान ने यह गंदा काम अमेरिका और ब्रिटेन सहित पश्चिमी देशों के लिए करता आया है.
इसी को लेकर याल्दा ने शेरी रहमान से भी सवाल किया तो शेरी कहती हैं कि मुझे नहीं पता ख्वाजा आसिफ ने क्या कहा लेकिन मेरी पार्टी भी आतंकवाद से पीड़ित रही है और पीपीपी की नेता बेनजीर भुट्टो को आंतकवादियों ने ही मारा था. इस याल्दा पूछती हैं तो फिर पाकिस्तान आतंकवादियों का साथ क्यों देता है? शेरी के पास इसका कोई सटीक जवाब नहीं होता है और वो इधर-उधर की बातें करने लगती हैं.
ये भी पढ़ें: तुर्किए के कट्टर दुश्मन के 'घर' में जाएंगे पीएम मोदी, रचेंगे ऐसा चक्रव्यूह, देखता रह जाएगा पाकिस्तान