ट्रेड डील, ईरान वॉर और एनर्जी... 16 महीने बाद आज होगी PM मोदी और ट्रंप की मीटिंग, क्या होगा एजेंडा?
व्हाइट हाउस ने शनिवार को बताया था कि यह बैठक उस समय होगी, जब दोनों नेता G7 नेताओं, आउटरीच पार्टनर्स और टेक्नोलॉजी क्षेत्र के प्रमुख अधिकारियों के साथ वर्किंग लंच में शामिल होने वाले होंगे.

G7 समिट में भाग लेने फ्रांस पहुंचे अमेरिका के प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप और पीएम मोदी के बीच आज द्विपक्षीय बैठक होगी. इस मीटिंग में दोनों नेताओं के बीच ईरान वॉर, भारत-अमेरिका ट्रेड डील, एनर्जी सिक्योरिटी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को लेकर चर्चा हो सकती है.
इससे पहले मंगलवार को G7 शिखर सम्मेलन के आउटरीच सत्र के दौरान प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप की मुलाकात हुई और दोनों नेताओं ने एक-दूसरे का अभिवादन किया. 'नई साझेदारियां बनाना और अंतरराष्ट्रीय एकजुटता को पुनर्स्थापित करना' विषय पर आयोजित G7 वर्किंग सत्र से पहले दोनों नेताओं ने हाथ मिलाया और बातचीत की. इसमें G7 देशों, साझेदार देशों, विश्व बैंक और अफ्रीकी विकास बैंक के प्रतिनिधि शामिल हो रहे हैं.
व्हाइट हाउस ने शनिवार को कहा था कि यह बैठक उस समय होगी, जब दोनों नेता G7 नेताओं, आउटरीच पार्टनर्स और टेक्नोलॉजी क्षेत्र के प्रमुख अधिकारियों के साथ वर्किंग लंच में शामिल होने वाले होंगे. एवियन पहुंचने पर प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि वह विश्व नेताओं से मिलने और महत्वपूर्ण वैश्विक मुद्दों पर विचार-विमर्श करने को लेकर उत्साहित हैं.
ये भी पढ़ें- G7 में दिखी ट्रंप से दूरी! फ्रंट रो में मैक्रों के साथ खड़े हुए पीएम मोदी, तस्वीर दे रही दुनिया को तगड़ा मैसेज
उन्होंने 'एक्स' पर लिखा, 'G7 शिखर सम्मेलन के लिए फ्रांस के एवियन पहुंच गया हूं. वर्ल्ड लीडर्स के साथ बातचीत करने और महत्वपूर्ण वैश्विक मुद्दों पर विचार-विमर्श करने के लिए उत्सुक हूं. भारत अधिक टिकाऊ और समृद्ध विश्व के लिए सामूहिक प्रयासों को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है.'
लगातार 7वीं बार G7 समिट में शामिल हुए PM मोदी
भारत को 15 से 17 जून तक आयोजित 52वें G7 शिखर सम्मेलन में साझेदार देश के रूप में आमंत्रित किया गया है. सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री मोदी भारत के साथ-साथ 'ग्लोबल साउथ' के हितों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर विश्व नेताओं के साथ चर्चा करेंगे. यह G7 शिखर सम्मेलन में भारत की 13वीं और प्रधानमंत्री मोदी की लगातार सातवीं भागीदारी होगी.
16 और 17 जून को G7 शिखर सम्मेलन के आउटरीच सत्र आयोजित किए गए हैं, जिनमें प्रधानमंत्री मोदी अन्य आमंत्रित देशों के नेताओं के साथ हिस्सा लेंगे. विदेश मंत्रालय के अनुसार, चर्चा का मुख्य फोकस अंतरराष्ट्रीय साझेदारियों और विकास के लिए एकजुटता को मजबूत करने, समावेशी और संतुलित विकास को बढ़ावा देने तथा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के प्रभावी एवं जिम्मेदार उपयोग पर रहेगा.
विदेश मंत्रालय ने कहा, 'G7 समिट में भारत की नियमित भागीदारी शांति, सुरक्षा, विकास और पर्यावरण की स्थिरता से जुड़ी ग्लोबल चुनौतियों से निपटने में भारत की भूमिका और योगदान को बढ़ती मान्यता को दर्शाती है. साथ ही, G7 और G20 व 'वॉयस ऑफ ग्लोबल साउथ समिट' जैसे अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत ने लगातार 'ग्लोबल साउथ' की प्राथमिकताओं, चिंताओं और विकास संबंधी आकांक्षाओं को प्रमुखता से उठाया है.'























