साल 2025 में भारत पाकिस्तान के संबंधों में गिरावट देखने को मिली है. इसकी मूल वजह पाकिस्तान की तरफ से जारी हरकतें और सेना प्रमुख असिम मुनीर की गैरजिम्मेदाराना बयानबाजी रही. ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत ने पाकिस्तान में अच्छी खासी तबाही मचा दी थी. उसके 11 एयरबेस को भारत की सेना ने निशाना बनाया था.  पाकिस्तान अबतक इन एयरबेस की भरपाई नहीं कर पाया है. 

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सैटेलाइट तस्वीरों में हुआ खुलासाइंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक MIZAZVISION ने कुछ तस्वीरें ली हैं. इनमें खुलासा हुआ है कि पाकिस्तान अभी ज्यादातर एयरबेस में हुए नुकसान को ठीक की मरम्मत में जुटा हुआ है. कुछ दिन पहले ही पाकिस्तान ने आधिकारिक तौर पर ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारतीय हमलों से हुए असर की बात को स्वीकारा था. जियो स्पेसियल इंटेलिजेंस एक्सपर्ट डेमियन साइमन ने इन तस्वीरों को नवंबर में साझा किया था. 

उप प्रधानमंत्री इशाक डार ने कहा, भारतीय ड्रोन ने महत्वपूर्ण नूर एयरबेस पर हमला किया. इसमें सैन्य प्रतिष्ठान को नुकसान पहुंचा. कई जवान घायल हुए. डार ने कहा था कि 36 घंटें के भीतर 80 ड्रोन भेजे गए थे. 

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पाकिस्तान ने दुनिया से बोला था झूठ?इससे पहले पाकिस्तान ने ऑपरेशन सिंदूर में अपने नुकसान को कम करके बताया था. अब पाकिस्तान को दुनिया के सामने अपने झूठ को छुपाना मुश्किल होता जा रहा है. क्योंकि अब सैटेलाइट के जरिए सभी कुछ साझा किया जा सकता है. 

11 एयरबेस को पहुंचाया था नुकसानजिन 11 एयरबेस को भारतीय सेना ने नुकसान पहुंचाया था, उनमें रावलपिंडी का नूर खान एयरबेस था. इसपर नुकसान की बात पाकिस्तान ने स्वीकारी है. इसकी मरम्मत का काम चल रहा है. यह पाकिस्तान के सबसे बड़ा रणनीतिक एयरबेस है. 

इन एयरबेस पर जारी है मरम्मत का कार्यइनके अलावा भोलारी एयरबेस, मुरीद एयरबेस, मुशफ एयरबेस, जैकोबाबाद एयरबेस, रफीकी एयरबेस, सुक्कुर एयरबेस, चुनियां एयरबेस, पसरूर एयरफील्ड, सियालकोट एयरबेस, स्कार्दू एयरबेस शामिल हैं. इन एयरबेस पर क्षतिग्रस्त इलाकों की मरम्मत की जा रही है. यानी अगले साल 2026 को भी पाकिस्तान अपने इन एयरबेस की मरम्मत करने में व्यस्त रहेगा.