सऊदी अरब के प्रिंस सुल्तान एयर बेस पर हुए ईरानी हमले में 10 अमेरिकी सैनिक घायल हो गए. सीबीएस न्यूज ने सूत्रों के हवाले से बताया कि इस हमले में ईरानी मिसाइलों और ड्रोनों का इस्तेमाल किया गया था. 2 अमेरिकी सैनिक बेहद गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जबकि 8 को मामूली चोटें आई हैं.

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सीबीएस न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी सेंट्रल कमांड के एक प्रवक्ता ने बताया कि अमेरिका-ईरान संघर्ष में 300 से अधिक अमेरिकी सैनिक घायल हुए हैं, जिनमें से अधिकांश ड्यूटी पर लौट चुके हैं. इसके अतिरिक्त 13 सैनिकों ने अपनी जान गंवाई है.

क्या बोले मार्को रुबियोअमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा कि अमेरिका ईरान के खिलाफ युद्ध में अपने सैन्य उद्देश्यों को बिना किसी जमीनी सैनिक बल के हासिल कर सकता है, जबकि ईरान के साथ बातचीत के बावजूद वॉशिंगटन पश्चिम एशिया में अतिरिक्त जमीनी सैनिक भेजने पर विचार कर रहा है.

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ग्रुप ऑफ सेवन (जी7) के विदेश मंत्रियों की बैठक के बाद पत्रकारों से बात करते हुए अमेरिकी विदेश मंत्री ने कहा कि तेहरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकने के लिए इस्लामिक गणराज्य की सभी सैन्य क्षमताओं को हम नष्ट कर देंगे. रुबियो ने कहा, "हम उनकी नौसेना को, उनकी वायु सेना को और उनके मिसाइल लॉन्चरों को नष्ट कर देंगे ताकि वे परमाणु हथियार हासिल करने के लिए इन चीजों की आड़ न ले सकें."

10,000 जमीनी सैनिक भेजने पर विचार कर रहा अमेरिकावॉल स्ट्रीट जर्नल ने अमेरिकी युद्ध विभाग के एक अधिकारी के हवाले से बताया कि वॉशिंगटन तेहरान के साथ बातचीत के दौरान पश्चिम एशिया में अतिरिक्त 10,000 जमीनी सैनिक भेजने पर विचार कर रहा है, जिनमें 82वीं एयरबोर्न डिवीजन के अलावा पैदल सेना और बख्तरबंद वाहन शामिल होने की संभावना है. रुबियो ने आगे संकेत दिया कि संघर्ष की अवधि कम रहने की उम्मीद है और कहा कि यह महीनों के बजाय कुछ ही हफ्तों में समाप्त हो जाएगा. 

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