ट्रंप के सीजफायर बढ़ाने के बाद हॉर्मुज में गोलीबारी, तीन जहाजों को IRGC गनबोट ने बनाया निशाना
Middle East Conflict: रिपोर्ट्स की मानें तो फायरिंग से पहले IRGC गनबोट शिप के करीब पहुंच गई थी. इस तरह की घटना ने इंटरनेशनल मेरिटाइम बिजनेस रूट पर सुरक्षा से जुड़ी चिंताओं को बढ़ा दिया है. इधर, मिडिल ईस्ट में हालात अभी स्थिर नहीं है.

US Iran War: डोनाल्ड ट्रंप के यूएस और ईरान सीजफायर बढ़ाने के बयान के बाद हॉर्मुज स्ट्रेट में तीन कार्गो शिप पर हमला हुआ है. फिलहाल किसी तरह के नुकसान की खबर नहीं है. न्यूज एजेंसी रॉयटर्स ने बताया कि गोलीबारी की घटना के बाद भी सभी सुरक्षित हैं. साथ ही जहाजों पर किसी तरह की आगजनी की खबर भी नहीं है.
रिपोर्ट्स की मानें तो फायरिंग से पहले IRGC गनबोट उसके करीब पहुंच गई थी. इस तरह की घटना ने इंटरनेशनल मेरिटाइम बिजनेस रूट पर सुरक्षा से जुड़ी चिंताओं को बढ़ा दिया है. इधर, मिडिल ईस्ट में हालात अभी स्थिर नहीं है.
इस इलाके में हुई है गोलीबारी की घटना
रॉयटर्स ने बताया कि ओमान के नॉर्थ ईस्ट इलाके में गोलीबारी और रॉकेट प्रोपेल्ड ग्रेनेड से अटैक किया गया है. लाइबेरिया का झंडा लगा एक कंटेनर जहाज के ब्रिज को नुकसान हुआ है. IRGC की एक गनबोट जहाज के करीब आ रही थी. इसके बाद ही जहाज पर हमला किया गया. फिलहाल जहाज में मौजूद सभी क्रू मेंबर सुरक्षित हैं. गनबोट पर तीन लोग सवार थे.
ईरान से लगभग आठ नॉटिकल मील पश्चिम में एक दूसरे कंटेनर जहाज पर भी गोलीबारी की गई. पनामा का झंडा लगे इस जहाज को कोई नुकसान नहीं पहुंचा. उसके चालक दल के सदस्य सुरक्षित हैं.
समुद्री सुरक्षा सूत्रों ने बताया कि ईरान से लगभग आठ नॉटिकल मील पश्चिम में एक तीसरे कंटेनर जहाज पर भी गोलीबारी की गई, जब वह हॉर्मुज से बाहर की ओर गुजर रहा था.
न्यूज एजेंसी रॉयटर्स ने ग्रीक कंटेनर के कैप्टन के हवाले से कहा है कि घटना से पहले कोई रेडियो संपर्क नहीं हुआ था. साथ ही हॉर्मुज से गुजरने की अनुमति दी गई थी, तभी जहाज उस रास्ते पर पहुंचा था.
18 अप्रैल को भारतीय जहाजों पर भी हुई थी गोलीबारी
इससे पहले 18 अप्रैल को 2 भारतीय जहाजों पर गोलीबारी की घटना सामने आई थी. इसका विरोध भारत ने ईरान के समक्ष जमकर किया था. इससे जुड़ा एक ऑडियो भी सामने आया था. इसमें भारतीय जहाज पर मौजूद कैप्टन और ईरानी सेना के बीच बातचीत हुई थी. इसमें जहाज कैप्टन ने कहा था कि उन्हें आगे बढ़ने की अनुमति दी गई थी. लेकिन अब फायरिंग की जा रही है. उन्हें वापस लौटने की इजाजत दी जाए. इसके बाद भारतीय नौसेना ने अपनी एडवाइजरी में साफ कर दिया था कि बिना हमारी परमिशन के इस रास्ते को पार न करें. साथ ही लार्क द्वीप से दूरी बनाए रखें.
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