अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को कहा कि ईरान के पास परमाणु हथियार नहीं हो सकते हैं. ईरान अमेरिका के साथ समझौता करना चाहता है, लेकिन वह उस तरह की डील के लिए तैयार नहीं है, जिसे वह जरूरी मानते हैं. 

Continues below advertisement

दोनों देशों के बीच बातचीत के लिए तय 60 दिन की अवधि सोमवार को समाप्त हो गई. इस बीच परमाणु कार्यक्रम और हॉर्मुज स्ट्रेट को लेकर अमेरिका और ईरान के रुख में कोई बड़ा बदलाव नहीं आया है.

ट्रंप बोले- ईरान समझौता चाहता है, लेकिन मेरी शर्तों वाला नहीं

Continues below advertisement

व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने दोहराया कि ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकना अमेरिका का मुख्य उद्देश्य है. उन्होंने कहा कि आप समझते हैं कि ईरान के पास परमाणु हथियार नहीं हो सकता और उसके पास परमाणु हथियार नहीं होगा. उन्होंने आगे कहा कि ईरान के पास परमाणु युद्ध की क्षमता नहीं हो सकती.

स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज पर भी ट्रंप का बड़ा दावा

ट्रंप ने यह भी दावा किया कि ईरान के सभी बंदरगाहों पर अमेरिकी नौसैनिक नाकेबंदी के जरिए अमेरिका का स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज पर पूरा नियंत्रण है. उन्होंने इस जलमार्ग को अमेरिकी क्षेत्र घोषित करने की संभावना की बात भी दोहराई.

ट्रंप ने कहा कि हम नाकेबंदी के जरिए इसे नियंत्रित करते हैं. मुझे इसे एक क्षेत्र घोषित करने का विचार पसंद है. अब स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज पर हमारा पूरा नियंत्रण है.

ओमान को लेकर भी ट्रंप ने दी प्रतिक्रिया

ओमान के बारे में अपनी पहले की चेतावनी पर ट्रंप ने कहा कि उन्हें नहीं लगता कि ओमान ने अच्छा व्यवहार किया है. उन्होंने कहा कि ओमान के साथ भी अमेरिका आसानी से निपट सकता है, ठीक उसी तरह जैसे हम दूसरों के साथ करते हैं.

ओमान के बारे में यह बात उस रिपोर्ट के बीच आई है, जिसमें कहा गया है कि वह ईरान के साथ मिलकर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को खोलने और इस जलमार्ग का नियंत्रण दोनों देशों के हाथ में रखने की योजना पर काम कर रहा है.

60 दिन की अवधि खत्म, परमाणु मुद्दे पर दोनों पक्ष कायम

ट्रंप के बयान ऐसे समय आए हैं जब अमेरिका और ईरान के बीच 60 दिन की युद्धविराम अवधि सोमवार को समाप्त हो गई. इसके बाद भी दोनों पक्ष ईरान के परमाणु कार्यक्रम और होर्मुज स्ट्रेट को लेकर अपने-अपने रुख पर कायम हैं.

ईरान ने बैक चैनल बातचीत से किया इनकार

ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशन गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के प्रवक्ता होसैन मोहेब्बी ने सोमवार को समाचार एजेंसी तस्नीम से बातचीत में ट्रंप के उस दावे को खारिज कर दिया, जिसमें उन्होंने कहा था कि अमेरिका और IRGC के बीच बातचीत के लिए बैक चैनल मौजूद है.

सोमवार को फॉक्स न्यूज के मुख्य विदेश संवाददाता ट्रे यिंगस्ट से फोन पर बातचीत में ट्रंप ने पुष्टि की कि उनका प्रशासन IRGC के अधिकारियों के साथ सीधे गुप्त माध्यम से संपर्क में है.