सीरिया: रूस-तुर्की की पहल से सीज़फायर पर बनी सहमति से शांति की उम्मीदें बढ़ीं
एजेंसी | 30 Dec 2016 09:00 AM (IST)
मास्को/दमिश्क: सीरिया और उसके मुख्य साझेदार रूस ने सीरिया के मुख्यधारा के विद्रोही लड़ाकों के साथ एक सीज़फायर समझौते पर सहमति जताई जिससे छह साल से चल रहे गृहयुद्ध के खत्म होने की दिशा में कदम बढ़ने के संकेत मिले हैं. यह राष्ट्रव्यापी (पूरे देश में लागू होने वाला) सीज़फायर समझौता सीरिया के स्थानीय समयानुसार आधी रात से लागू होगा. रूस और तुर्की की पहल में यह समझौता हुआ. सीरियाई विपक्ष के एक प्रवक्ता ने इस समझौते की पुष्टि करते हुए कहा है कि अधिकांश बड़े विद्रोही समूह इसका पालन करेंगे. अगर सीज़फायर सही ढंग से प्रभावी रहता है तो अगले महीने सीरियाई राष्ट्रपति बशर अल असद की सरकार और विपक्षी समूहों के बीच कजाकिस्तान में बातचीत हो सकती है. समाचार एजेंसी एएफपी के अनुसार रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने सीरियाई शासन और विद्रोहियों के बीच सीज़फायर पर हस्ताक्षर होने और उनके शांति वार्ता के लिए रजामंद हो जाने की आज घोषणा की. पुतिन ने टीवी पर की गई टिप्पणी में कहा कि दमिश्क और काफी संख्या में सशस्त्र विपक्ष ने सीरिया में सीज़फायर के एक दस्तावेज पर हस्ताक्षर किया है और शांति वार्ता के लिए उनकी रजामंदी की भी घोषणा की है. पुतिन ने अपने रक्षा और विदेश मंत्रियों के साथ एक बैठक में कहा, ‘‘तीन दस्तावेजों पर हस्ताक्षर हुए हैं. पहला, सीरिया में सीज़फायर के लिए सीरिया सरकार और सशस्त्र विरोधियों के बीच है. दूसरे दस्तावेज में सीज़फायर को बनाए रखने के उपायों की लिस्ट है. तीसरे दस्तावेज में शांति वार्ता शुरू करने की उनकी तत्परता की घोषणा है.’’ रूस के रक्षा मंत्री सेर्गेई शोइगु ने कहा कि शांति समझौता आधी रात से प्रभावी होगा. सीरियाई सेना ने घोषणा की है कि वह सभी हमलों को रोकने की तैयारी कर रही है. शोइगु ने कहा कि जिन विद्रोही संगठनों ने सीज़फायर पर हस्ताक्षर किया है उनमें करीब 62,000 लड़ाके हैं. सीरिया की विपक्षी पार्टी ‘नेशनल कोलेशन’ ने घोषणा किया है कि ये तुर्की और रूस के मध्यस्थता वाले राष्ट्रव्यापी सीज़फायर का समर्थन करती है. सीज़फायर समझौते पर पुतिन ने कहा है कि रूस सीरिया में अपने सैनिकों की संख्या में कटौती करेगा. वहीं, मास्को सीरियाई सरकार को समर्थन जारी रखेगा.