पटना: पुलिस ने पिछले महीने 27 फरवरी को हुई डकैती की घटना में शामिल सात अपराधियों को गिरफ्तार किया है. पुलिस ने अपराधियों के पास से लूटी गई एक सोने की चेन, दो सोने की अंगूठी, दो मोबाइल, घटना में इस्तेमाल चाकू, देशी पिस्टल और एक जिंदा कारतूस बरामद किया है.

पूर्व गार्ड ने रची थी साजिश

पटना पुलिस के लिए डकैती की यह घटना बेहद ही चुनौतीपूर्ण थी. पटना के एसएसपी उपेन्द्र शर्मा ने सिटी एसपी अमरकेश डी के नेतृत्व में एक स्पेशल टीम का गठन किया और अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए छानबीन शुरू कर दी. पुलिस ने संदेह के आधार पर छत पर रह रहे पूर्व गार्ड पर संदेह जाहिर किया और उससे पूछताछ शुरू कर दी.

पुलिस के पूछताछ और अत्यधिक दबिश के क्रम में अपार्टमेंट के पूर्व गार्ड मनोज ने अपने साथ साजिश में अन्य अपराधियों की संलिप्तता को स्वीकार किया. एसएसपी उपेन्द्र शर्मा ने पूरे मामले का खुलासा करते हुए बताया कि मनोज और संतोष नाम का शख्स जो कि अपार्टमेंट में दूसरे फ्लैट में रहकर गाड़ी चलाता है, उसके साथ मिलकर एक महीने पहले से ही इस घटना को अंजाम देने की साजिश रच रहा था. अपनी पहचान छुपी रहे और पुलिस को किसी प्रकार का शक न हो इसके लिए पूर्व गार्ड मनोज ने छपरा से चार पेशेवर अपराधियों बुलाया था.

क्या है पूरा मामला?

पटना में 27 फरवरी की बीती शाम करीब सात बजे छठ धाम अपार्टमेंट के फ्लैट नंबर 204 में कुछ नकाबपोश हथियारबंद अपराधियों ने एक बुजुर्ग वृद्ध दंपत्ति को उनके ही फ्लैट में बंधक लूटपाट की घटना को अंजाम दिया था. इस घटनाक्रम में बुजुर्ग दंपत्ति के साथ अपराधियों ने पिस्टल के बट से मारकर घायल कर दिया था. अपराधी घर से लाखों के आभूषण और 35 हज़ार रुपये लूट कर फरार हो गए थे.