पटना: लालू प्रसाद यादव आरजेडी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने गए हैं. पटना के बापू सभागार में लालू के 11वीं बार राष्ट्रीय अध्यक्ष के पद पर निर्वाचित होने की आधिकारिक घोषणा की गई. मंच पर मंगलवार को लालू प्रसाद की ग़ैर मौजूदगी में तेज़ भाइयों ने जमकर मोदी-नीतीश सरकार पर हमला किया. मंच पर शरद यादव, शिवानंद तिवारी भी मौजूद रहें. आरजेडी की बैठक और खुले अधिवेशन में यूं तो रघुवंश प्रसाद सिंह समेत तमाम बड़े नेता मौजूद रहें. लेकिन शरद यादव का इस मंच पर मौजूद रहना इस बात की ओर इशारा कर रहा था कि ख़ुद की अलग पार्टी होने के बावजूद शरद यादव भी पार्टी के अहम हिस्सा हैं. आरजेडी की तरफ़ से ये स्पष्ट किया गया कि पार्टी की तरफ़ से मुख्यमंत्री पद की कमान तेजस्वी को दी जाएगी.
तेजस्वी ने कहा कि देश बुरे वक़्त से गुज़र रहा है. 2014 में लालू जी ने कहा था कि देश टूटेगा या एक रहेगा वो देश की जनता तय करेगी. उस वक़्त अगर हम सचेत हो जाते, उस दिशा में काम करते तो शायद जो देश को तोड़ने का काम कर रहें हैं वो सत्ता में नहीं होते. सब लोगों को याद आता कि अगर आज लालू जी होते तो ये दिन देश को नहीं देखना पड़ता.
तेजस्वी का शायराना अन्दाज़ में केंद्र-नीतीश सरकार पर हमला
तेजस्वी ने केंद्र सरकार पर हमला करते हुए तंज भी कसा. उन्होंने कहा कि वो चाहते हैं कि हिंदोस्ता छोड़ दें हम, बताओ भूत के डर से मकां छोड़ दें हम! इतना ही नहीं बिहार में बढ़ते क्राइम ग्राफ़ पर उन्होंने नीतीश कुमार पर हमला करते हुए कहा, "देखा है पहली बार, अपराधियों के पैरों में सरकार." तेजस्वी ने आगे कहा कि नीतीश कुमार सबसे डरपोक आदमी हैं. वो कुर्सी के लिए कुछ भी कर सकते हैं. आज जब उन्होंने सीएबी का समर्थन किया है, तो हमने भी तय कर लिया है कि अब हम उनको चाचा कहकर नहीं बुलाएंगे. अब तो केवल मुख्यमंत्री जी कहकर बुलाएंगे.
सीएबी बिल पर हमला करते हुए तेजस्वी ने कहा कि क्या क़ानून आया है. नागरिकता संशोधन बिल लाकर बीजेपी-एनडीए ने देश को तोड़ने का काम किया है. ये बिल मानवता के ख़िलाफ़ है. इस बिल का हम पुरज़ोर विरोध करेंगे. हम देश को टूटने नहीं देंगे.
तेजस्वी ने जेडीयू द्वारा नागरिकता संशोधन बिल के समर्थन देने पर भी हमला किया. तेजस्वी ने कहा कि जिन लोगों ने विश्वासघात किया, जनादेश का अपमान किया, आज जितनी भाजपा ज़िम्मेदार है उससे ज़्यादा नीतीश कुमार यहां ज़िम्मेदार हैं. बता दें कि जेडीयू ने इस बिल का पहले विरोध किया था. हालांकि सोमवार को लोकसभा में पेश करते वक़्त बिल को जेडीयू का समर्थन मिल गया. तेजस्वी ने कहा कि आधी रात को यहां फ़ैसले लिए जाते है. पहले नोटबंदी, जीएसटी और अब एनआरसी का मुद्दा. जितने फ़ैसले लिए गए उससे देश को नुक़सान ही हुआ.
बिहार में बढ़ रहे अपराध को लेकर तेजस्वी ने कहा कि आज अपराधियों को संरक्षण दिया जा रहा है. चंपारण में बेटी के साथ घटना हुई. आज बिहार की जनता आक्रोशित है. जनता नीतीश कुमार को अगला सीएम नहीं देखना चाहती है.
3C पर काम कर रही है नीतीश सरकार
तेजस्वी ने कहा कि नीतीश कुमार communalism, crime, corruption पर काम कर रहे हैं. अश्विनी चौबे के बेटे ने एफ़आईआर फाड़ा उसे गिरफ़्तार नहीं किया गया. भ्रष्टाचार हो रहा है. सृजन जैसे 45 घोटाले हुए कुछ नहीं हुआ. शराबबंदी हुई लेकिन होम डेलीवरी हो रही है. सबसे बड़ी पार्टी होने के बावजूद लालू ने सीएम नीतीश कुमार को ही बनाया. मान सम्मान दिया लेकिन नीतीश कुमार ने क्या किया, लालू जी को ठगने का काम किया. जो लोग नीतीश के साथ थे सबको उन्होंने ख़त्म कर दिया. उन्होंने कहा कि लालू जी ऐसे व्यक्ति हैं कोई गाली भी दे तो उसको गले लगाते हैं. लेकिन नीतीश कुमार को अगर कोई 1970 में गाली दिया हो तो आज भी बदला लेते रहेंगे. आज बीटेक करने वालों को ना तो चपरासी की नौकरी ना ही माली की नौकरी मिल रही है. संवैधानिक संस्थाओं के साथ खिलवाड़ हो रहा है. आज ईडी और सीबीआई सब लगा दिया जाता है. बीजेपी में जाने वाले सब गंगा नहा लेते हैं. हम सकारात्मक राजनीति में विश्वास रखते हैं.
सबसे ज्यादा लालू जी से नीतीश जी को डर
तेजस्वी ने नीतीश कुमार पर निशाना साधते हुए कहा कि नीतीश कुमार आज भी सबसे ज्यादा लालू जी से ही डरते हैं. आज एक बार फिर आरजेडी की तरफ़ से ये स्पष्ट किया गया कि पार्टी की तरफ़ से मुख्यमंत्री पद की कमान तेजस्वी को दी जाएगी. तेजस्वी ने कहा कि लालू किसी से डरते नहीं है. बड़े नेताओं ने ज़िम्मेदारी दिया है मुझे. मैं अपनी ज़िम्मेदारियों को बख़ूबी संभालूंगा. ऐसा मैं बिहार की जनता को आश्वस्त करता हूं.
आरजेडी की बैठक में आने वाले विधानसभा को लेकर भी अहम रणनीति आज तय की गयी. जिसमें पार्टी की तरफ़ से राजनीतिक,आर्थिक,विदेश नीति,अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति सम्बंधित प्रस्ताव पर भी विस्तार से चर्चा की गयी.