पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) मिशन मोड में है. पिछले हफ्ते ममता सरकार के खिलाफ बीजेपी ने चार्जशीट जारी करके भ्रष्टाचार और कानून व्यवस्था पर घेरने की कोशिश की. अब बीजेपी संकल्प पत्र के जरिए सरकार बनने के बाद पार्टी का राज्य के विकास के लिए क्या रोड़मैप रहने वाला है, उसको जनता का सामने लाने जा रही है. अगले हफ्ते पार्टी पश्चिम बंगाल को लेकर संकल्प पत्र जारी कर सकती है, जिसमें खास फोकस युवाओं और महिलाओं और राज्य सरकार के कर्मचारियों पर रहने वाला है.
बंगाल को लेकर क्या होगी भाजपा की रणनीति?
भाजपा बंगाल में अपनी चुनावी रणनीति को और धार देने की तैयारी में है. पार्टी का फोकस राज्य के सरकारी कर्मचारियों पर है और लंबे समय से लंबित महंगाई भत्ता (DA) का मुद्दा उसके आगामी घोषणापत्र के केंद्र में रहने की संभावना है.
सूत्रों के मुताबिक, पार्टी सरकार बनने के 45 दिनों के भीतर 7वें वेतन आयोग को लागू करने और डीए बकाया का भुगतान करने का वादा करने की तैयारी में है. राज्य में डीए का अंतर एक बड़ा मुद्दा बना हुआ है, जहां केंद्र सरकार के कर्मचारियों को लगभग 56% डीए मिल रहा है जबकि टीएमसी सरकार के तहत राज्य कर्मचारियों को करीब 22% डीए मिल रहा है. इस मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट ने भी दखल दिया है. अदालत ने आंशिक बकाया भुगतान का निर्देश देते हुए राज्य सरकार से बाकी भुगतान के लिए रोडमैप पेश करने को कहा था. हालांकि, क्रियान्वयन को लेकर स्पष्टता की कमी के चलते कर्मचारियों में असंतोष बना हुआ है.
सरकारी कर्मचारियों तक पहुंच बनाना भाजपा की बड़ी रणनीति मानी जा रही है, क्योंकि राज्य में तकरीबन 20 लाख के आसपास सरकारी कर्मचारियों के पद है, उनमें से तकरीबन 14 से 15 लाख अभी सरकारी कर्मचारी हैं. इस घोषणा से बड़ी संख्या में सरकारी कर्मचारी पार्टी के साथ जुड़ सकते हैं. इसके साथ-साथ बचे हुए खाली पदों को भी जल्दी भरने की घोषणा बीजेपी कर सकती है, जिससे युवाओं को रोजगार देने का वादा करके उनको अपने साथ जोड़ा जा सके.
महिलाओं और युवाओं के लिए पार्टी कर सकती है कई वादे
इसके अलावा, भाजपा के घोषणापत्र में कई कल्याणकारी और विकास से जुड़े वादे भी शामिल होने की संभावना है. महिलाओं के लिए पार्टी बड़ी घोषणा करने जा रही है. उनके लिए लक्ष्मी भंडार योजना की घोषणा करने की तैयारी है. लक्ष्मी भंडार योजना के लाभार्थियों को 3,000 रुपये मासिक भत्ता दिए जाने की घोषणा की जा सकती है और इसमें बेरोजगार युवाओं के लिए युवा साथी कार्यक्रम के तहत 3,000 रुपये की वित्तीय सहायता शामिल हो सकती है.
सिंगूर को औद्योगिक हब बनाने की योजना बना रही BJP
खास बात यह है कि पार्टी सिंगूर को एक बड़े औद्योगिक हब के रूप में विकसित करने के लिए विशेष प्रावधान करने की योजना बना रही है. इसमें औद्योगिक जोन की स्थापना, स्पष्ट कानूनी ढांचे के साथ भूमि आवंटन में तेजी और MSME व बड़े निवेशकों को आकर्षित करने के लिए प्रोत्साहन शामिल हो सकते हैं. इसमें निवेशकों का भरोसा बहाल करने, लॉजिस्टिक्स कनेक्टिविटी सुधारने और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार सृजन पर भी जोर रहेगा. सिंगूर, जो कभी ठहरे हुए औद्योगीकरण का प्रतीक था, अब नए औद्योगिक नीति के तहत विकास का केंद्र बन सकता है.
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