तमिलनाडु सरकार बड़ा फैसला लिया है. उन्होंने चेन्नई मेट्रोपॉलिटन एरिया और राज्य के अन्य हिस्सों में चलने वाले कॉन्ट्रैक्ट कैरिज ऑटो-रिक्शा के किराए में बदलाव किया है. नई दरों के अनुसार, शुरुआती 1.8 किलोमीटर के लिए न्यूनतम किराया 50 होगा. इसके बाद, हर अतिरिक्त किलोमीटर के लिए यात्रियों को 25 का भुगतान करना होगा. इसका नोटिफिकेशन राज्य परिवहन प्राधिकरण (State Transport Authority) और संबंधित क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरणों (Regional Transport Authorities) ने जारी किया है.

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ANI की रिपोर्ट के मुताबिक नोटिफिकेशन के अनुसार, यह आदेश मोटर वाहन अधिनियम, 1988 की धारा 67(1) के तहत जारी किया गया है. सरकारी नोटिफिकेशन में पहाड़ी क्षेत्रों की यात्रा, रात के समय की यात्रा और वेटिंग टाइम (इंतजार के समय) के लिए अलग-अलग दरें भी तय की गई हैं.

पहाड़ी क्षेत्रों की यात्रा के लिए, नोटिफिकेशन में 60 का बेस फेयर तय किया गया है, जो न्यूनतम किराए का 1.2 गुना है. ऐसी यात्राओं के लिए प्रति किलोमीटर 30 का अतिरिक्त शुल्क लगेगा. इसके अलावा, वेटिंग चार्ज 1 रुपए प्रति मिनट तय किया गया है.

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ऑटो-रिक्शा के लिए लागू दरें तय

सरकार की ओर से जारी आदेश में वेटिंग चार्ज, रात का किराया और पहाड़ी क्षेत्रों के शुल्क को नए किराए के अलग-अलग हिस्सों के रूप में शामिल किया गया है. राज्य परिवहन प्राधिकरण को निर्देश दिया गया है कि वे चेन्नई मेट्रोपॉलिटन क्षेत्र और तमिलनाडु के अन्य हिस्सों में चलने वाले ऑटो-रिक्शा के लिए लागू दरें तय करें.

यह नया आदेश गृह विभाग के उन दो पुराने नोटिफिकेशन की जगह लेगा, जो 25 अगस्त 2013 और 16 अक्टूबर 2014 को जारी किए गए थे. ये दोनों नोटिफिकेशन तमिलनाडु सरकार के गजट में प्रकाशित हुए थे. यह आदेश तमिलनाडु सरकार के प्रधान सचिव ए. कार्तिक की तरफ से जारी किया गया था. इस अधिसूचना में चेन्नई महानगरीय क्षेत्र के साथ-साथ तमिलनाडु के अन्य हिस्सों में चलने वाले ऑटो-रिक्शा भी शामिल हैं.

तमिलनाडु के ड्राइवरों का क्या कहना है?

13 साल बाद सरकार की तरफ से जारी आदेश के बाद तमिलनाडु के ऑटो ड्राइवर ज्यादा खुश नहीं है. इस दौरान IANS से बात करते हुए एक ड्राइवर ने कहा कि  वेत्री पयनम योजना के कारण ऑटो चालकों की आजीविका खतरे में पड़ गई है. ऑटो के सभी स्पेयर पार्ट्स की कीमतें बढ़ गई हैं और गाड़ी के रखरखाव का खर्च दोगुना हो गया है.  इस वजह से सरकार की तरफ से घोषित किराया पर्याप्त नहीं है.