लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बुधवार (15 अप्रैल 2026) को आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी महिला आरक्षण के नाम पर अन्य पिछड़ा वर्गों (OBC) का हिस्सा चोरी करना चाहते हैं, जो राष्ट्र विरोधी गतिविधि है. लोकसभा में महिला आरक्षण से जुड़ा संवैधानिक संशोधन विधेयक पेश किए जाने से एक दिन पहले जारी वीडियो संदेश में उन्होंने कहा कि अगर सरकार महिला आरक्षण लागू करना चाहती है तो वह वर्तमान नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लागू कर सकती है और परिसीमन भी नई जनगणना के आधार पर होना चाहिए, क्योंकि उसमें ओबीसी की आबादी का आंकड़ा होगा.

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ओबीसी भागीदारी छीनना चाहते हैं पीएम: राहुल गांधी

कांग्रेस सासंद राहुल गांधी ने कहा कि उनकी पार्टी महिला आरक्षण का पूरी तरह से समर्थन करती है, लेकिन सरकार इसके नाम पर कुछ और करना चाहती है. उन्होंने दावा किया, ‘अब बहुत बड़ी बेईमानी की जा रही है. प्रधानमंत्री नहीं चाहते हैं कि जाति जनगणना और नई जनगणना के आधार पर यह (महिला आरक्षण) निर्णय लिया जाए. प्रधानमंत्री आपकी (ओबीसी) भागीदारी आप से छीन रहे हैं. वह चाहते हैं कि 2011 की जनगणना का इस्तेमाल किया जाए, जिसमें अन्य पिछड़ा वर्गों की संख्या नहीं है. वह आपकी (ओबीसी) भागीदारी छीनना चाहते हैं.’ 

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OBC का हिस्सा चोरी करना राष्ट्र-विरोधी: राहुल गांधी

उन्होंने कहा, ‘प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) और बीजेपी के लोग घबरा गए हैं, क्योंकि जाति जनगणना के आंकड़े आना शुरू हो गए हैं. उन्हें पता लग गया है कि पिछड़ों की कितनी आबादी है. वे नहीं चाहते कि आपको (ओबीसी) आबादी के हिसाब से भागीदारी मिले. यह राष्ट्र-विरोधी गतिविधि है.’ कांग्रेस नेता ने प्रस्तावित परिसीमन को खतरनाक करार दिया और कहा, ‘सच्चाई ये है कि मोदी जी जो चाहते हैं, अगर वह हो जाए तो उससे दक्षिण के राज्यों, पश्चिम के छोटे राज्यों और पूर्वोत्तर के राज्यों को भयंकर नुकसान होगा. यह राष्ट्र-विरोधी गतिविधि है.’ 

दक्षिण और पूर्वोत्तर के राज्यों को होगा नुकसान: राहुल गांधी

कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कहा, ‘हमारा रुख है कि आप (प्रधानमंत्री) 2026 में हो रही जनगणना के आधार पर (परिसीमन) कीजिए और 2011 की जनगणना के आधार पर मत कीजिए, क्योंकि उसमें ओबीसी का आंकड़ा नहीं है. अगर आप (प्रधानमंत्री) महिला आरक्षण अधिनियम लागू करना चाहते हैं तो आपके पास एक अधिनियम पड़ा हुआ है, उसे लागू कीजिए. हम पूरा समर्थन करेंगे. मगर हम आपको अन्य पिछड़ा वर्गों, दक्षिण भारतीय राज्यों और छोटे प्रदेशों के खिलाफ काम नहीं करने देंगे.’

उन्होंने कहा, ‘आप चाहते हैं कि आपके मुताबिक सीटें बढ़ें, आपके मुताबिक परिसीमन हो और ओबीसी को कुछ नहीं मिले. हम आपको ऐसा नहीं करने देंगे. हम ओबीसी से हिस्सा चोरी नहीं होने देंगे. अन्य पिछड़ा वर्गों, दलितों और आदिवासियों को उनका हक मिलना चाहिए.’

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