Kerala SFI Leader Marksheet: केरल में स्टूडेंट फेडरेशन ऑफ इंडिया (SFI) के नेता पी. एम. आर्शो की मार्कशीट का मामला तूल पकड़ता जा रहा है. आरोप है कि बिना एग्जाम में बैठे ही उन्हें परीक्षा में पास कर दिया गया. केरल कांग्रेस के नेता रमेश चेन्नीथला ने कहा कि राज्य में क्या हो रहा है. एसएफआई केरल में वाम मोर्चा सरकार का नेतृत्व करने वाली कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (मार्क्सवादी) (CPIM) की छात्र इकाई है.
एएनआई की रिपोर्ट के मुताबिक, मामला एर्नाकुलम के एक कॉलेज का है. आरोप है कि एसएफआई के प्रदेश महासचिव पी. एम आर्शो ने किसी भी परीक्षा में हिस्सा नहीं लिया था, फिर भी उन्हें पास कर दिया गया.
कांग्रेस ने उठाया सवाल
इस घटना पर कांग्रेस नेता रमेश चेन्नीथला ने केरल की वाममोर्चा सरकार की नाकामी बताते हुए सवाल उठाया. चेन्नीथला ने एएनआई से कहा, "यदि यह एसएफआई है, तो केरल में वे बिना चुनौती के कॉलेज चुनाव जीत जाते हैं, बिना परीक्षा दिए पास हो जाते हैं और नौकरियों के लिए फर्जी डिग्री प्राप्त कर लेते हैं. केरल में क्या हो रहा है? यह केरल सरकार की नाकामी को दिखाता है."
कैसे सामने आया मामला ?
मंगलवार (6 जून) को राज्य में कांग्रेस की छात्र इकाई केरल स्टूडेंट यूनिटन (KSU) ने आरोप लगाया कि एर्नाकुलम के महाराजा कॉलेज ने एसएफआई नेता पी. एम. आर्शो की मार्क लिस्ट जारी की है, जिसमें उन्हें पास दिखाया गया है. केएसयू ने आरोप लगाया कि आर्शो ने एक भी परीक्षा में हिस्सा नहीं लिया था.
टाइम्स नाउ की खबर के मुताबिक, कॉलेज प्रशासन ने रिजल्ट को तकनीकी गड़बड़ी बताते हुए कहा, इस रिजल्ट को भारत सरकार के अधीन आने वाले नेशनल इंफॉर्मेटिक्स सेंटर (एनआईसी) ने पब्लिश किया है.
केएसयू ने किया प्रदर्शन
इसके विरोध में केएसयू ने बुधवार को महाराजस कॉलेज के सामने प्रदर्शन किया. केरल स्टूडेंट यूनियन ने पूर्व एसएफआई नेता विद्या विजयन पर कॉलेज की नकली मुहर और लेटर हेड का इस्तेमाल करके नौकरी हासिल करने का आरोप लगाया है. प्रदर्शनकारियों के ऊपर पुलिस ने वॉटर कैनन का प्रयोग किया.
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