'आपने हमें होर्मुज से गुजरने की परमिशन दी है और अब फायरिंग...', ईरान में फंसे टैंकर के कैप्टन और IRGC के बीच क्या हुई थी बात?
Strait of Hormuz Firing Incident: होर्मुज जलडमरूमध्य में भारतीय जहाजों पर फायरिंग की घटना के बाद हालात तनावपूर्ण हो गए हैं.

होर्मुज जलडमरूमध्य में शनिवार को भारतीय जहाजों पर फायरिंग की घटना के बाद हालात और गंभीर हो गए हैं. अब एक भारतीय तेल टैंकर की डिस्टेस कॉल (SOS) सामने आई है, जिसमें कप्तान गोलीबारी के बीच जहाज को वापस मोड़ने की गुहार लगाता सुनाई दे रहा है. इस घटना के चलते कई जहाजों को अपनी यात्रा बीच में ही रोकनी पड़ी और वापस लौटना पड़ा.
कप्तान की आवाज में डर
सोशल मीडिया पर वायरल ऑडियो में भारत-ध्वज वाले टैंकर “सनमार हेराल्ड” के कप्तान की आवाज सुनी जा सकती है. ऑडियो में कप्तान कहता है, “यह मोटर टैंकर सनमार हेराल्ड है… आपने मुझे आगे जाने की अनुमति दी थी. मेरा नाम आपकी सूची में दूसरे नंबर पर है. अब आप फायरिंग कर रहे हैं. मुझे वापस मुड़ने दें!” यह ऑडियो एक अंतरराष्ट्रीय पत्रकार द्वारा साझा किया गया है, जिसमें गोलीबारी के बीच जहाजों के पीछे हटने की स्थिति साफ दिख रही है.
दो भारतीय जहाजों को बनाया गया निशाना
भारत-ध्वज वाले दो जहाज तेल टैंकर सनमार हेराल्ड और बल्क कैरियर जग अर्णव को ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स की गनबोट्स ने निशाना बनाया. समुद्री सुरक्षा इनपुट और ट्रैकिंग डेटा के मुताबिक, यह घटना तब हुई जब ये जहाज जलडमरूमध्य पार करने की कोशिश कर रहे थे. इस दौरान एक जहाज को हल्का नुकसान हुआ, जिसमें खिड़की का शीशा टूट गया, हालांकि किसी के घायल होने की खबर नहीं है.
काफिला बिखरा, जहाजों को लौटना पड़ा
इस घटना का असर 14 भारतीय जहाजों के काफिले पर पड़ा, जो कच्चा तेल, एलपीजी और उर्वरक लेकर भारत आ रहे थे. इनमें से 13 जहाजों को फारस की खाड़ी के अलग-अलग हिस्सों में रुकना या वापस लौटना पड़ा. सनमार हेराल्ड, देश वैभव, देश विभोर और जग अर्णव जैसे जहाज चोकपॉइंट के पास से ही लौट गए, जबकि कुछ जहाज अब लारक द्वीप के पास अनुमति का इंतजार कर रहे हैं.
भारत ने जताया कड़ा विरोध
भारत ने इस घटना पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए ईरान के राजदूत मोहम्मद फथाली को तलब किया. विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने इस घटना पर “गहरी चिंता” जताई और व्यापारिक जहाजों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की. भारत ने ईरान से कहा है कि वह भारत आने वाले जहाजों के लिए सुरक्षित रास्ता सुनिश्चित करे. ईरान ने जवाब में कहा कि वह भारत की चिंताओं को अपने अधिकारियों तक पहुंचाएगा.
रास्ते को लेकर भ्रम की स्थिति
घटना के बीच कुछ जहाजों को आगे बढ़ने और कुछ को रुकने के निर्देश मिलते रहे, जिससे भ्रम की स्थिति बन गई. हालांकि, एक भारतीय जहाज देश गरिमा जलडमरूमध्य पार करने में सफल रहा और अब भारत की ओर बढ़ रहा है.
वैश्विक शिपिंग पर असर
होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के लगभग 20% तेल और गैस की सप्लाई का प्रमुख मार्ग है. ईरान ने यहां नियंत्रण कड़ा कर दिया है और अमेरिका की नौसैनिक नाकेबंदी व युद्धविराम उल्लंघन का हवाला दिया है. सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, ग्रीक टैंकर समेत कई अंतरराष्ट्रीय जहाज भी फायरिंग और रेडियो चेतावनी के बाद वापस लौट गए हैं.
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Source: IOCL

























