मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार की सुरक्षा बढ़ा दी गई है. दिल्ली पुलिस ने ये फैसला ऐसे समय में लिया है, जब इंडिया गठबंधन के सांसद और कार्यकर्ता लगातार उनके खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं. ज्ञानेश कुमार के पास पहले से ही Z प्लस सुरक्षा कवर है. अब अतिरिक्त पुलिसबलों की तैनाती की गई है.
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के आवास कार्यालय और उत्तर प्रदेश में उनके गृह जिले आगरा में स्थित घर की सुरक्षा भी बढ़ा दी गई है. अर्धसैनिक सुरक्षाकर्मियों की तैनाती बढ़ाई जाएगी. खुफिया जानकारी और उनके खिलाफ चल रहे विरोध प्रदर्शनों को देखते हुए ये फैसला लिया गया है.
Z प्लस कैटगरी के तहत सुरक्षा पाने वाले शख्सियत को घर और उनके काफिले में कड़े सुरक्षा बंदोबस्त होते हैं. लगभग 50 सुरक्षाकर्मी अलग-अलग शिफ्ट में काम करते हैं.
विपक्ष आक्रामक
चुनाव आयोग और एसआईआर को लेकर 23 सितंबर को इंडियन एक्सप्रेस अखबार के खुलासों के बाद से विपक्ष ज्ञानेश कुमार के खिलाफ पहले से अधिक आक्रामक है. एक्सप्रेस की रिपोर्ट में दावा किया गया है कि एसआईर प्रक्रिया के दौरान तीन में से दो चुनाव आयुक्तों ने कई बार आपत्तियां जताई थी.
विपक्षी दलों का कहना है कि ज्ञानेश कुमार ने बीजेपी को चुनाव जिताने में मदद की. विपक्षी पार्टियां ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रही है. साथ ही कहना है कि उनके खिलाफ जांच हो और एसआईआर प्रक्रिया पर रोक लगाई जाए.
सड़कों पर विपक्षी सांसद
मंगलवार (6 सितंबर) से विपक्ष के बड़े नेता सड़कों पर हैं. कांग्रेस नेता राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, अखिलेश यादव समेत विपक्ष के करीब 300 सांसदों ने मंगलवार को मार्च निकाला. इस दौरान उन्हें हिरासत में ले लिया गया.
इसके बाद बुधवार को विपक्षी दलों ने जंतर मंतर पर प्रदर्शन की कोशिश की. यहां काफी भीड़ देखी गई. हालांकि पुलिस ने इस दौरान भी सांसदों को हिरासत में ले लिया.
आज भी विपक्षी पार्टियां राजघाट जाने के प्लान में. अंतिम फैसला कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के लंच में लिया जाएगा. खरगे ने आज लगातार दूसरे दिन विपक्षी दलों के सांसदों को लंच पर बुलाया है.
