नई दिल्ली: कोरोना वायरस का आतंक पूरी दुनिया में फैलता जा रहा है. इसकी भयावहता को देखते हुए विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने इसे महामारी घोषित कर दिया है. इस बीच सोशल मीडिया पर कोरोना वायरस को लेकर झूठ और अफवाह का बाजार गर्म है. भारत में कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों के साथ ही इससे बचाव और इलाज को लेकर कई तरह की अफवाहें सामने आ रही हैं. सोशल मीडिया पर लोग अपने अपने हिसाब से इससे बचाव और इलाज के दावे कर रहे हैं. सरकार अपनी ओर से इस वायरस से बचाव के तरीकों के बारे में जनता को बता रही है, बावजूद इसके लोगों में अफवाहों के चलते डर और भ्रम की स्थिति है. हम आपको ऐसी ही अफवाहों से सचेत कर रहे हैं.

चिकन पर कोरोना की अफवाह की मार

अफवाहबाजों ने खबर फैला दी कि चिकन खाने से कोरोना वायरस के संक्रमण का खतरा रहता है. इसलिए बीमारी से बचने के लिए बेहतर है चिकन से दूरी. शक और भ्रम के कारण लोगों ने चिकन से दूरी बना ली. जिसकी वजह सेचिकन की बिक्री में भारी गिरावट दर्ज की गई है.

क्या चिकन से फैलता है कोरोना?

नहीं, बिल्कुल नहीं! चिकन से कोरोना का कोई लेना देना नहीं है. ये महज एक अफवाह है. इसकी मार चिकन की बिक्री और कारोबार पर पड़ रहा है. आपके खाने के च्वाइस में भी कमी आ रही है, लेकिन हकीकत इसके उलट है. इसलिए आप बेखौफ चिकन खाएं, कोई परेशानी नहीं है.

वायरल झूठ

क्या गर्मी आते ही खत्म हो जाएगा कोरोना?

कोरोना वायरस दुनिया के किसी एक हिस्से में नहीं फैला है. इसका प्रभाव वैश्विक है. इसलिए जब भारत में गर्मी होगी तो दक्षिणी गोलार्ध में ठंड पड़ेगी. इसलिए मौसम के पैटर्न से इस महामारी के किसी भी संबंध की अभी तक कोई पुष्टि नहीं हुई है.

क्या मच्छरों के काटने से फैल सकता है कोरोना?

एक अफवाह यह भी है कि कोरोना वायरस मच्छरों के काटने से फैल सकता है. लेकिन हम आपको बता दें कि यह महज कोरी अफवाह है. यह वायरस सांस के जरिए फैलता है न कि खून से. इसलिए मच्छर के काटने से इसका कोई लेना-देना नहीं है.

क्या ब्लड बैंक में टेस्ट हो रहा है कोरोना?

जी नहीं, कोई भी ब्लड बैंक कोरोना की जांच नहीं कर रहा है. इसके लिए अलग से सेंटर बनाए गए हैं. देशभर में ऐसे 72 सेंटर्स बनाए जा चुके हैं. इन 72 सेंटर्स में 71 VDRL लैब्स (Venereal Disease Research Laboratory) तो वहीं एक NCDC (National Centre for Disease Control) शामिल है. इन लैब्स में एकदिन में लगभग 6,000 सैंपल लिए जा सकते हैं.

मेडिकल कॉलेज, डीआरडीओ, सीएसआईआर की 49 लैब भी वीकेंड से दौरान सैंपल कलेक्ट कर रही हैं. रैपिड टेस्टिंग लैब के माध्यम से भी लगभग 1,400 सैंपल कलेक्ट किए जा रहे हैं. कुल मिलाकर अलग-अलग जगहों से देशभर में एक दिन में 20 हजार से ज्यादा टेस्टिंग की सुबिधा है.

कोरोना वायरस कैसे फैलता है?

अब आपके लिए ये जानना ज़रूरी है कि ये वायरस एक शख्स से दूसरे शख्स तक कैसे फैलता है? इसका सीधा सा जवाब है सांस की गतिविधियों के ज़रिए. अगर कोई शख्स कोरोना वायरस से संक्रमित है और वो आपके करीब रहते हुए छींकता या खांसता है, तो मुमकिन है कि आपको भी संक्रमण हो जाए. इसके अलावा किसी ऐसी जगह को छूने से भी आप संक्रमित हो सकते हैं, जहां पर ये वायरस गिरा हो. कोरोना वायरस किसी जगह पर कुछ घंटो तक ज़िंदा रह सकता है. हालांकि इसे किसी आम से कीटाणुनाशक से भी मारा जा सकता है.

कोरोना वायरस संक्रमण के लक्षण क्या हैं?

कोरोना के लक्षणों में बुखार, कफ और सांस में कमी शामिल हैं. इसके अलावा कुछ गंभीर मामलों में इन्फेक्शन की वजह निमोनिया या सांस लेने में दिक्कत हो सकती है. बेहद कम मामलों में ये बीमारी जानलेवा होती है. इसके लक्षणों की खास बात ये है कि ये आम फ्लू और सर्दी ज़ुकाम की तरह ही है, जोकि किसी को भी होना आम है. इसलिए लक्षण दिखने पर भी परेशान होने से बेहतर है कि आप जांच कराएं. जांच के बाद ही पुष्टि होगी कि आप कोरोना से संक्रमित हैं या नहीं. इसलिए ऐसे हालात में अपने हाथों को बार बार, सही तरीके से साबुन से धोएं और साथ ही छींकते या खांसते वक्त अपनी कोहनी से मुंह को ढकें या टिसू का इस्तेमाल करें और उसे किसी बंद कचरे के डब्बे में फेंक दें.

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