TMC की मीटिंग में पहुंचे 80 में सिर्फ 20 विधायक तो BJP ने लिए मजे, दिलीप घोष बोले- अकेले रह जाएंगे ममता-अभिषेक
शुभेंदु सरकार में मंत्री दिलीप घोष ने कहा कि स्थिति ऐसी है कि सभी लोग पार्टी छोड़कर जा रहे हैं, लग रहा है कि अब केवल ममता बनर्जी और उनके भतीजे ही तृणमूल कांग्रेस में बचेंगे.

पश्चिम बंगाल चुनाव में हार के बाद टीएमसी के भीतरखाने बगावत की खबरों और पार्टी मीटिंग में 80 में से केवल 20 विधायकों के पहुंचने पर बीजेपी ने तंज कंसा. शुभेंदु सरकार में मंत्री दिलीप घोष ने कहा कि स्थिति ऐसी है कि सभी लोग पार्टी छोड़कर जा रहे हैं, लग रहा है कि अब केवल ममता बनर्जी और उनके भतीजे ही तृणमूल कांग्रेस में बचेंगे.
पत्रकारों से बातचीत करते हुए दिलीप घोष ने कहा, 'ममता बनर्जी ने टीएमसी विधायकों की बैठक बुलाई थी. लोग बैठक में शामिल होने के लिए नहीं आ रहे हैं. उनके विधायक विधानसभा तक में नहीं गए. ममता को विधायकों को पार्टी से निकालना पड़ रहा है. स्थिति ऐसी है कि उनके विधायक केवल सत्ता में रहने के लिए हैं, अगर पार्टी सत्ता में है तो विधायक भी पार्टी में हैं.'
'बंगाल के लोगों ने इन लोगों को बहुत झेला'
उन्होंने कहा कि 'स्थिति ऐसी है कि सभी लोग पार्टी छोड़कर जा रहे हैं, लग रहा है कि अब केवल ममता बनर्जी और उनके भतीजे ही पार्टी (टीएमसी) में बचेंगे. टीएमसी 15 वर्षों तक सत्ता में रही, यह दुर्भाग्यपूर्ण है. बंगाल को लोगों ने इन लोगों को बहुत झेला. टीएमसी पर निशाना साधते हुए घोष ने कहा कि ये लोग चाहे अलग पार्टी बनाए या फिर एक साथ रहें, इनकी कोई विश्वसनीयता नहीं है.'
'राजनीति केवल धंधा नहीं'
उन्होंने कहा कि राजनीति केवल धंधा नहीं है. बंगाल में राजनीति कमाने के लिए धंधा बन गया था. लोगों ने बंगाल को इससे निकाला है, अब नई सरकार काम कर रही है. आप सहयोग करिए साथ रहिए, यही सबके लिए ठीक रहेगा.
'टीएमसी लुटेरों का दल'
दिलीप घोष ने आगे कहा कि 'इनके पार्टी कार्यालय से क्या-क्या सामान निकल रहा है. 40 बैरल तेल निकला है. पांच साल पहले जनता की राहत के लिए जो सामान भेजा गया था, वह सब उनके पार्टी ऑफिस, एमएलए और काउंसलर के कार्यालय में मिल रहा है. टीएमसी लुटेरों का दल था. आज जनता दरवाजा तोड़कर सामान निकाल रही है. सोचना मुश्किल है कि किस तरीके से ये लोग राजनीति करते थे. अब उनके लोग टीएमसी छोड़कर भागना चाहते हैं.'
























