असम विधानसभा चुनाव के नतीजे अब साफ हो चुके हैं और इसमें भारतीय जनता पार्टी ने बड़ी जीत दर्ज की है. बीजेपी ने कुल 102 सीटें जीतकर मजबूत बहुमत हासिल किया है, जबकि कांग्रेस सिर्फ 19 सीटों तक सीमित रह गई. नतीजों के बाद ऑल इंडिया यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (AIUDF) के अध्यक्ष मौलाना बदरुद्दीन अजमल ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला. उन्होंने कहा कि असम में कांग्रेस पूरी तरह खत्म हो गई है. उनके मुताबिक, जो दूसरे के लिए गड्ढा खोदता है, वह खुद उसमें गिरता है. उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने कुछ इलाकों में राजनीतिक फायदा लेने की कोशिश की, लेकिन उसी रणनीति का नुकसान उसे ही उठाना पड़ा. अजमल ने आगे कहा कि कांग्रेस की स्थिति अब पहले जैसी नहीं रही और उसे बड़ा नुकसान हुआ है. उन्होंने यह भी कहा कि इस हार के लिए कांग्रेस खुद जिम्मेदार है. इस चुनाव में बीजेपी की जीत और कांग्रेस की हार के बाद असम की राजनीति में बड़ा बदलाव साफ नजर आ रहा है.

ऐसा पहली बार नहीं है कि जब मौलाना बदरुद्दीन अजमल ने कांग्रेस के खिलाफ बयानबाजी नहीं की है. मतदान होने के पहले ही उन्होंने दावा किया था कि कांग्रेस पूरी तरफ से चुनाव में खत्म हो जाएगी और गौरव गगोई बीजेपी ज्वाइन कर लेंगे. वे पूरी तरह से बिक चुके हैं.

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हिमंत बिस्वा सरमा की प्लानिंगअसम विधानसभा चुनाव में हिमंत बिस्वा सरमा की बीजेपी पार्टी ने मुकाबले को एकतरफा बना दिया और विपक्षी दल कांग्रेस को चारो खाने चित कर दिया. बता दें कि असम में मिली बंपर जीत के लिए बीजेपी ने चुनाव के पहले कई शानदार काम किया, जिसकी नतीजा ये रहा कि पार्टी ने धमाकेदार जीत हासिल करने में कामयाबी हासिल की.  असम विधानसभा चुनाव से पहले मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की आशीर्वाद यात्रा एनडीए के लिए काफी अहम साबित हुई है. यह यात्रा सिर्फ रैलियों तक सीमित नहीं रही, बल्कि इसे एक तरह से लोगों से सीधा जुड़ने का अभियान बनाया गया. सरमा ने राज्य के लगभग हर इलाके का दौरा किया, गांव-गांव जाकर लोगों से बात की, उनकी समस्याएं सुनीं और मौके पर समाधान का भरोसा दिया. इससे सरकार और जनता के बीच की दूरी कम हुई और लोगों को यह महसूस हुआ कि उनकी बात सुनी जा रही है. चुनाव के नजरिए से इस यात्रा ने एनडीए के लिए मजबूत माहौल और जमीनी पकड़ दोनों तैयार की.

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