Omicron and Black Fungus: ओमिक्रोन का खौफ लगातार बढ़ रहा है. जिस तेजी से इसके केस सामने आ रहे हैं, लग रहा है सिर्फ दिल्ली या महाराष्ट्र में ही नहीं बल्कि अन्य कई राज्यों में तीसरी लहर देखने को मिल सकती है. इस खतरे के बीच लोगों को जो चीज सबसे अधिक डरा रही है, वह है ब्लैक फंगस के इंफेक्श का डर. क्योंकि इसने पिछली दोनों लहर के बीच बहुत तबाही मचाई है और लोगों को जीवनभर का दर्द दिया है. 


ऐसे में तीसरी लहर की संभावना या कहिए कि शुरुआत के बीच एक बार फिर लोगों में ब्लैक फंगस का भय देखने को मिल रहा है. ज्यादातर लोग यही सोचकर डरे हुए हैं कि कोविड-19 और डेल्टा वेरिऐंट की तरह क्या ओमिक्रोन के मरीजों को भी ब्लैक फंगस का शिकार होना पड़ सकता है! इस बारे में हम आपके लिए वो सटीक जानकारी लेकर आए हैं, जो अब तक कि केस स्टडीज के आधार पर एक्सपर्ट बता रहे हैं


ब्लैक फंगस नहीं होगी हावी


ओमिक्रोन की केस स्टडी के बीच हेल्थ एक्सपर्ट अभी तक जिस नतीजे पर पहुंचे हैं, वह साफतौर पर इशारा करता है कि इस वैरिऐंट में ब्लैक फंगस के केस देखने को नहीं मिलेंगे. हालांकि यह एक इंफेक्शियस डिजीज है और लगातार म्यूटेशन के बाद वायरस अपना रूप बदल रहा है. इसलिए वायरस की गंभीरता को हल्के में लेने की गलती नहीं करनी चाहिए.


WHO भी कर रहा है यही अपील


लगातार बढ़ते ओमिक्रोन पेशंट्स की संख्या के बीच विश्व स्वास्थ्य संगठन की तरफ से लगातार नई-नई गाइडलाइन्स और जानकारियां साझा की जा रही हैं. इस बीच ताजा गाइडलाइन में WHO ने ओमिक्रोन को हल्के में ना लेने का सुझाव दिया है. WHO की तरफ से जारी एक बयान में कहा गया है कि ओमिक्रोन के लक्षण हल्के हैं इसलिए इसे कमजोर समझने की भूल ना करें. यह कोरोना का ही एक रूप है. यानी फिलहाल के लिए आप इतना समझ लीजिए कि ओमिक्रोन और ब्लैक फंगस के बीच यही कनेक्शन है कि अब तक की स्टडी में इनके बीच कोई कनेक्शन सामने नहीं आया है.


Disclaimer: इस आर्टिकल में बताई विधि, तरीक़ों व दावों की एबीपी न्यूज़ पुष्टि नहीं करता है. इनको केवल सुझाव के रूप में लें. इस तरह के किसी भी उपचार/दवा/डाइट पर अमल करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें.


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