Foods That Support Liver Detox Naturally: हमारा शरीर किसी एक मशीन की तरह नहीं, बल्कि कई छोटे-छोटे सिस्टम का समूह है, जहां हर अंग का अपना काम और अपनी जरूरत होती है. हम रोज जो खाना खाते हैं, वही तय करता है कि फेफड़े कितनी आसानी से काम करेंगे, लिवर कितनी अच्छी तरह टॉक्सिक तत्वों को बाहर निकालेगा, डाइजेशन सिस्टम पोषक तत्वों को कितना सही तरीके से सोखेगा और आंखें थकान को कितना झेल पाएंगी. 

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क्या कहते हैं एक्सपर्ट?

न्यूट्रिशियन एक्सपर्ट लवनीत बत्रा ने के अनुसार सही खानपान इन सभी सिस्टम को मजबूत बना सकता है, जबकि गलत आदतें धीरे-धीरे इन्हें कमजोर कर देती हैं. जरूरी यह नहीं कि आप बहुत मुश्किल डाइट अपनाएं, बल्कि यह समझें कि कौन-सा पोषक तत्व शरीर के किस हिस्से के लिए जरूरी है और उसी हिसाब से छोटे-छोटे बदलाव करें.

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लंग्स के लिए क्या खाएं?

सांस लेना भले ही सहज लगता हो, लेकिन लंग्स की सेहत काफी हद तक हमारे खानपान पर निर्भर करती है. प्रदूषण, तनाव और इंफेक्शन से ट्रेकिया प्रभावित होती हैं. ऐसे में अदरक और हल्दी जैसे घरेलू मसाले मददगार साबित होते हैं. इनमें मौजूद तत्व सूजन को कम करने में सहायक होते हैं. वहीं संतरे जैसे खट्टे फल शरीर को विटामिन सी देते हैं, जो लंग्स को नुकसान से बचाने में मदद करता है. राष्ट्रीय स्वास्थ्य संस्थान के स्टडी में भी बताया गया है कि एंटीऑक्सीडेंट लंग्स को बाहरी प्रदूषण से होने वाले नुकसान से बचाने में भूमिका निभाते हैं.

लीवर की देखभाल कैसे करें?

यकृत दिन-रात शरीर की सफाई में लगा रहता है, लेकिन हम अक्सर इसकी देखभाल पर ध्यान नहीं देते. ब्रोकली जैसी सब्जियों में ऐसे तत्व होते हैं जो शरीर से टॉक्सिक पदार्थों को निकालने में मदद करते हैं. हरी चाय और जैतून का तेल भी लंग्स को स्वस्थ रखने में सहायक माने जाते हैं. मधुमेह और पाचन तंत्र से जुड़े राष्ट्रीय संस्थान के अनुसार, सही आहार फैटी लिवर जैसी समस्याओं से बचाने में अहम भूमिका निभाता है.

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डाइजेशन को कैसे मजबूत रखें?

डाइजेशन सिस्टम को अक्सर शरीर का दूसरा दिमाग कहा जाता है. यह सिर्फ भोजन पचाने तक सीमित नहीं है, बल्कि रोग प्रतिरोधक क्षमता और मनोदशा पर भी असर डालता है. दही में मौजूद अच्छे वैक्टीरिया पाचन को बेहतर बनाते हैं. वहीं केला और चिया बीज इन जीवाणुओं को पोषण देते हैं. नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ के अनुसार, आंत माइक्रोबायोम पोषक तत्वों के एब्जॉर्व को बेहतर बनाता है और सूजन से जुड़ी बीमारियों को कम करता है.

आंखों के लिए क्या जरूरी?

आज के समय में स्क्रीन का इस्तेमाल बढ़ने से आंखों पर दबाव बढ़ गया है. ऐसे में गाजर और शकरकंद जैसे खाद्य पदार्थ, जिनमें बीटा कैरोटीन होता है, आंखों के लिए बेहद फायदेमंद हैं. आंवला भी आंखों की सेहत के लिए अच्छा माना जाता है, क्योंकि इसमें भरपूर विटामिन सी होता है, जो आंखों को नुकसान से बचाने में मदद करता है.

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Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडीज और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें. किसी भी नई गतिविधि या व्यायाम को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.