Humidity Health Risks: देशभर के ज्यादातर हिस्से से मानसून धीरे-धीरे जा रहा है, बारिश न होने के चलते उमस और गर्मी काफी पड़ने लगी है. शरीर से ऐसे पसीना निकल रहा मानों मई-जून का महीना हो. शरीर से पसीना निकलने की वजह से डिहाइड्रेटेड का खतरा बना रहता है, ऐसे में किडनी समेत अन्य कई तरह की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है. चलिए आपको बताते हैं कि इस भयानक उमस और गर्मी में किडनी के मरीज अपना ख्याल कैसे रखें.

गर्मी में किडनी को होने वाली दिक्कतें

गर्मी में शरीर में पानी की कमी के चलते शरीर डिहाइड्रेट का शिकार हो जाता है, जिसका जुड़ाव किडनी के साथ सीधे तौर पर है. अगर आपका शरीर बार-बार डिहाइड्रेट होता है, तो इससे किडनी के फंक्शन पर असर पड़ता है. अगर यह स्थिति लंबे समय तक बनी रहती है, तो फिर यूरिन मार्ग में इंफेक्शन, किडनी में स्टोन और किडनी फेलियर की स्थिति भी बन जाती है. ऐसे में हाई बीपी, यूरिन और ब्लड शुगर से जुड़ी समस्या किडनी के मरीजों को काफी परेशान कर सकती हैं.

चाव के लिए क्या करना चाहिए?

इससे बचने के लिए किडनी के मरीज तमाम तरह के कदम उठा सकते हैं, जैसे कि-

पानी का संतुलित मात्रा में सेवन

किडनी के मरीजों को चाहिए कि वे डॉक्टर से लगातार सलाह लेते रहें और कितनी मात्रा में रोज पानी पीना है, इसका खास ख्याल रखें. क्योंकि अगर आप जरूरत से ज्यादा पानी का सेवन करते हैं तो किडनी का भार बढ़ सकता है और कम पानी डिहाइड्रेशन की समस्या को उत्पन्न कर सकता है. योग, स्ट्रेचिंग और ब्रीदिंग एक्सरसाइज भी आप इस दौरान कर सकते हैं, जिससे किडनी पर कम असर पड़े.

हल्की डाइट

उमस और गर्मी भरे इस सितंबर के महीने में कोशिश करना चाहिए कि अपनी डाइट में फ्रूट्स, उबली सब्जियां और हेल्दी सलाद शामिल करें. बाहर का तला-भुना और मसालेदार खाने से बचना चाहिए, वरना किडनी पर इसका असर होता है.

कम नमक का सेवन

इस दौरान एक काम और जो आपको करना चाहिए, वह है कि नमक का कम सेवन करना चाहिए. ज्यादा नमक का सेवन ब्लड प्रेशर बढ़ाता है, जो किडनी के मरीजों के लिए काफी खतरनाक हो सकता है. ज्यादा से ज्यादा कोशिश करें कि नमक और प्रोसेस्ड फूड से दूरी बनाकर रखें.

शुगर और बीपी पर कंट्रोल

डायबिटीज और हाई बीपी किडनी रोग के सबसे प्रमुख कारणों में से एक हैं. इस सितंबर के महीने में भीषण गर्मी और उमस में यह कोशिश करना चाहिए कि इन दोनों को कंट्रोल में रखा जाए.

क्या कहते हैं एक्सपर्ट?

Fortis Hospital, Vasant Kunj, New Delhi में Director & HOD, Nephrology and Kidney Transplant के पद पर तैनात Dr. Sanjeev Gulati अपने वीडियो में बताते हैं कि ऐसे मौसम में हमें पर्याप्त तरल पदार्थ का सेवन करना चाहिए, इसके अलावा ज्यादा धूप में निकलने से बचना चाहिए, जिससे किडनी पर असर न हो.

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Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडीज और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें. किसी भी नई गतिविधि या व्यायाम को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.