एक्सप्लोरर

PCOS Symptoms: महिलाओं में बढ़ रहा पीसीओएस का खतरा, जानें इसके शुरुआती और गंभीर लक्षण

PCOS: महिलाओं में पीसीओएस का खतरा लगातार बढ़ रहा है. इसके शुरुआती संकेत हम पहचान नहीं पाते हैं, जो बाद में चलकर काफी गंभीर हो जाते हैं. चलिए इनके बारे में बताते हैं.

Common Symptoms of PCOS: पीसीओएस यानी पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम, एक ऐसी समस्या है जिसके बारे में ज्यादातर महिलाएं सुनती तो हैं, लेकिन अक्सर इसे अपने साथ पहचान नहीं पातीं. इसकी सबसे मुश्किल बात यह है कि यह बीमारी एकदम से नहीं आती, बल्कि धीरे-धीरे छोटे-छोटे संकेतों के रूप में शुरू होती है. कभी पीरियड्स मिस होना, कभी बार-बार मुंहासे निकलना, या शरीर में अजीब बदलाव दिखना. हममें से कई लोग इन बातों को तनाव, खान-पान या हॉर्मोनल दिक्कत समझकर नजरअंदाज कर देते हैं. चलिए आपको बताते हैं कि यह किस कारण से होता है.

कैसे पहचान सकते हैं?

अगर पीसीओएस को समय रहते पहचान लिया जाए, तो इसके असर को काफी हद तक नियंत्रित किया जा सकता है. इससे न सिर्फ आगे चलकर फर्टिलिटी सुरक्षित रहती है, बल्कि डायबिटीज जैसी गंभीर बीमारियों का खतरा भी कम हो जाता है. तो चलिए आपको बताते हैं, वो शुरुआती संकेत जो आपका शरीर देकर चेतावनी दे रहा हो सकता है.

पीरियड्स का अनियमित होना

हर महिला का पीरियड 28 दिनों का नहीं होता, कभी-कभी तनाव, यात्रा या नींद की गड़बड़ी से इसमें फर्क पड़ता है. लेकिन पीसीओएस में ये फर्क बहुत ज्यादा बढ़ जाता है. पीरियड्स 35 दिन से भी ज्यादा देर से आते हैं या कई बार महीनों तक गायब रहते हैं. कई महिलाओं को इसका उल्टा अनुभव होता है. जब पीरियड आता है तो बहुत भारी ब्लीडिंग और थकावट होती है. ये सब इसलिए होता है क्योंकि पीसीओएस में ओव्यूलेशन नियमित नहीं होता, जिससे हॉर्मोन असंतुलन हो जाता है और शरीर की लय बिगड़ जाती है. अगर आप बार-बार सोचती हैं कि इस बार पीरियड आएगा भी या नहीं, तो यह संकेत ध्यान देने लायक है.

वजन कम न होना या तेजी से बढ़ना

क्या आपने महसूस किया है कि चाहे जितनी मेहनत कर लें, वजन नीचे आने का नाम नहीं लेता? पीसीओएस वाली महिलाओं के साथ ऐसा अक्सर होता है, क्योंकि उनका शरीर इंसुलिन रेसिस्टेंट बन जाता है. यानी शुगर को ठीक से प्रोसेस नहीं कर पाता. इससे वजन बढ़ना आसान हो जाता है, खासकर पेट के आसपास, और घटाना मुश्किल. यह आलस या इच्छाशक्ति की बात नहीं है. यह शरीर के अंदर चल रहे हॉर्मोनल बदलाव का नतीजा है.

अनचाही जगहों पर बाल उगना

ठुड्डी पर बाल, ऊपरी होंठों पर झाईं जैसी रेखाएं, पेट या छाती पर बाल उग आना, ये सब पीसीओएस के आम संकेत हैं. डॉक्टर इसे हिर्सुटिज्म कहते हैं, लेकिन ज्यादातर महिलाएं इसे अनफेयर कहती हैं. दरअसल, पीसीओएस में शरीर में एंड्रोजन की मात्रा बढ़ जाती है, जिससे बाल उन जगहों पर उगने लगते हैं जहां आमतौर पर नहीं होते. बार-बार वैक्सिंग या थ्रेडिंग करने से थोड़ी राहत तो मिलती है, लेकिन अगर बाल बार-बार, मोटे और कड़े होकर लौटते हैं, तो यह हॉर्मोनल बदलाव का साफ संकेत है.

सिर के बाल पतले होना

यह पीसीओएस की सबसे उलझी हुई बातों में से एक है, जहां एक तरफ शरीर पर अनचाहे बाल उग आते हैं, वहीं सिर के बाल झड़ने लगते हैं. कई महिलाएं नोटिस करती हैं कि उनकी पोनीटेल पतली हो रही है, या बालों का घनापन कम होता जा रहा है. ये बदलाव धीरे-धीरे आते हैं, अचानक नहीं. अगर बाल ज्यादा झड़ने लगे हों या पार्टिंग लाइन चौड़ी लगने लगी हो, तो इसे हल्के में न लें.

त्वचा पर काले पैच या निशान

पीसीओएस का हर संकेत पीरियड या वजन से जुड़ा नहीं होता. कई बार यह त्वचा पर भी दिखाई देता है. गर्दन के पीछे, बगल या जांघों के पास काले, मुलायम या गाढ़े पैच बन जाते हैं. इसे Acanthosis Nigricans कहा जाता है और यह इंसुलिन रेसिस्टेंस का संकेत होता है. ये पैच खुद नुकसानदायक नहीं होते, लेकिन ये बताते हैं कि शरीर को ब्लड शुगर संभालने में दिक्कत हो रही है और यह पीसीओएस का अहम हिस्सा है.

गर्भधारण में कठिनाई

कई बार महिलाओं को पीसीओएस का पता तब चलता है जब वे गर्भधारण की कोशिश करती हैं. क्योंकि ओव्यूलेशन नियमित नहीं होता, इसलिए गर्भ ठहरने में दिक्कत आती है. इसका मतलब यह नहीं कि प्रेग्नेंसी असंभव है. बस थोड़ा समय और डॉक्टर की मदद की जरूरत होती है. अक्सर जब जांच कराई जाती है, तो महिलाओं को एहसास होता है कि छोटे-छोटे संकेत तो पहले से थे, बस उन्होंने ध्यान नहीं दिया.

इसे भी पढ़ें- हर 9 में से 1 भारतीय किसी न किसी बीमारी की चपेट में, ICMR की चौंकाने वाली रिपोर्ट

Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडीज और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें. किसी भी नई गतिविधि या व्यायाम को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

Check out below Health Tools-
Calculate Your Body Mass Index ( BMI )

Calculate The Age Through Age Calculator

About the author सोनम

जर्नलिज्म की दुनिया में करीब 15 साल बिता चुकीं सोनम की अपनी अलग पहचान है. वह खुद ट्रैवल की शौकीन हैं और यही वजह है कि अपने पाठकों को नई-नई जगहों से रूबरू कराने का माद्दा रखती हैं. लाइफस्टाइल और हेल्थ जैसी बीट्स में उन्होंने अपनी लेखनी से न केवल रीडर्स का ध्यान खींचा है, बल्कि अपनी विश्वसनीय जगह भी कायम की है. उनकी लेखन शैली में गहराई, संवेदनशीलता और प्रामाणिकता का अनूठा कॉम्बिनेशन नजर आता है, जिससे रीडर्स को नई-नई जानकारी मिलती हैं. 

लखनऊ यूनिवर्सिटी से जर्नलिज्म में ग्रैजुएशन रहने वाली सोनम ने अपने पत्रकारिता के सफर की शुरुआत भी नवाबों के इसी शहर से की. अमर उजाला में उन्होंने बतौर इंटर्न अपना करियर शुरू किया. इसके बाद दैनिक जागरण के आईनेक्स्ट में भी उन्होंने काफी वक्त तक काम किया. फिलहाल, वह एबीपी लाइव वेबसाइट में लाइफस्टाइल डेस्क पर बतौर कंटेंट राइटर काम कर रही हैं.

ट्रैवल उनका इंटरेस्ट  एरिया है, जिसके चलते वह न केवल लोकप्रिय टूरिस्ट प्लेसेज के अनछुए पहलुओं से रीडर्स को रूबरू कराती हैं, बल्कि ऑफबीट डेस्टिनेशन्स के बारे में भी जानकारी देती हैं. हेल्थ बीट पर उनके लेख वैज्ञानिक तथ्यों और सामान्य पाठकों की समझ के बीच बैलेंस बनाते हैं. सोशल मीडिया पर भी सोनम काफी एक्टिव रहती हैं और अपने आर्टिकल और ट्रैवल एक्सपीरियंस शेयर करती रहती हैं.

Read
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

ISI के निशाने पर केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान, खतरे को देखते हुए सुरक्षा बढ़ाई, Z+ सिक्योरिटी मिली हुई
ISI के निशाने पर केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान, खतरे को देखते हुए सुरक्षा बढ़ाई, Z+ सिक्योरिटी मिली हुई
UP में अध्यक्ष पद के लिए पंकज चौधरी पर ही क्यों दांव लगाने जा रही BJP? पढ़ें इनसाइड स्टोरी
UP में अध्यक्ष पद के लिए पंकज चौधरी पर ही क्यों दांव लगाने जा रही BJP? पढ़ें इनसाइड स्टोरी
'कांतारा चैप्टर 1' बनी OTT पर सबसे ज्यादा देखी गई फिल्म, इन 9 फिल्मों को भी मिले खूब व्यूज
'कांतारा चैप्टर 1' बनी OTT पर सबसे ज्यादा देखी गई फिल्म, इन 9 फिल्मों को भी मिले खूब व्यूज
21 करोड़ में बिके कैमरून ग्रीन, लियाम लिविंगस्टन को मिले 18.5 करोड़; ऑक्शन में KKR ने खरीदे बड़े सितारे
21 करोड़ में बिके कैमरून ग्रीन, लिविंगस्टन को मिले 18.5 करोड़; ऑक्शन में KKR ने खरीदे बड़े सितारे
Advertisement

वीडियोज

Pak PM Shehbaz Sharif की बेइज्जती पर आपकी हंसी नहीं रुकेगी! | ABPLIVE
India को 50% Import Duty Shock—Mexico ने क्यों लिया इतना बड़ा फैसला? | Paisa Live
New Labour Codes 2025: क्या आपकी Take Home Salary कम होगी? पूरी सफाई | Paisa Live
Lionel Messi in India: फैंस पर चढ़ा Messi का फीवर, एक-एक कर लोगों ने ली सेल्फी
India ने अपनाई China-Style Trade Strategy: EU Deal से Apparel Exports को किया Boost | Paisa Live
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement
Petrol Price Today
₹ 94.72 / litre
New Delhi
Diesel Price Today
₹ 87.62 / litre
New Delhi

Source: IOCL

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
ISI के निशाने पर केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान, खतरे को देखते हुए सुरक्षा बढ़ाई, Z+ सिक्योरिटी मिली हुई
ISI के निशाने पर केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान, खतरे को देखते हुए सुरक्षा बढ़ाई, Z+ सिक्योरिटी मिली हुई
UP में अध्यक्ष पद के लिए पंकज चौधरी पर ही क्यों दांव लगाने जा रही BJP? पढ़ें इनसाइड स्टोरी
UP में अध्यक्ष पद के लिए पंकज चौधरी पर ही क्यों दांव लगाने जा रही BJP? पढ़ें इनसाइड स्टोरी
'कांतारा चैप्टर 1' बनी OTT पर सबसे ज्यादा देखी गई फिल्म, इन 9 फिल्मों को भी मिले खूब व्यूज
'कांतारा चैप्टर 1' बनी OTT पर सबसे ज्यादा देखी गई फिल्म, इन 9 फिल्मों को भी मिले खूब व्यूज
21 करोड़ में बिके कैमरून ग्रीन, लियाम लिविंगस्टन को मिले 18.5 करोड़; ऑक्शन में KKR ने खरीदे बड़े सितारे
21 करोड़ में बिके कैमरून ग्रीन, लिविंगस्टन को मिले 18.5 करोड़; ऑक्शन में KKR ने खरीदे बड़े सितारे
महाराष्ट्र के बीड में डीजल टैंकर से टकराई गाड़ी, हादसे के बाद हाइवे पर दिखा धुएं का गुबार
महाराष्ट्र के बीड में डीजल टैंकर से टकराई गाड़ी, हादसे के बाद हाइवे पर दिखा धुएं का गुबार
बिहार कैबिनेट के नए विभागों का हुआ बंटवारा, CM नीतीश कुमार के पास सिविल विमानन की जिम्मेदारी
बिहार कैबिनेट के नए विभागों का हुआ बंटवारा, CM नीतीश कुमार के पास सिविल विमानन की जिम्मेदारी
IAS सुप्रिया साहू को कितनी मिलती है सैलरी, जानिए कहां से हुई है उनकी पढ़ाई-लिखाई?
IAS सुप्रिया साहू को कितनी मिलती है सैलरी, जानिए कहां से हुई है उनकी पढ़ाई-लिखाई?
क्या दूसरी बार मां बनने पर भी मिलता है मातृ वंदन योजना का लाभ, क्या है नियम?
क्या दूसरी बार मां बनने पर भी मिलता है मातृ वंदन योजना का लाभ, क्या है नियम?
Embed widget