ईरान में सुषमा: सोशल मीडिया पर विदेश मंत्री के पहनावे पर बवाल!

भारत की विदेश मंत्री सुषमा स्वराज की ईरान के राष्ट्रपति हसन रूहानी से मुलाक़ात सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है. दरअसल मुलाकात के दौरान सुषमा स्वराज के जरिए पहनी गई पोशाक को लेकर सोशल मीडिया पर बवाल मचा हुआ है. जब हसन रुहानी से सुषमा स्वराज मिलीं तो गुलाबी रंग की शॉल से पूरी तरह ढकी हुई दिख रही थीं. हालांकि, दूसरी तस्वीरों में वह साड़ी के ऊपर शॉल ओढ़े हुए हुई हैं. उनके इस अंदाज़ को लेकर सोशल मीडिया पर बवाल मचा हुआ और लोग सवाल खड़े रहे हैं. हालांकि, इस दौरे के दौरान सुषमा ने तेहरान में उस गुरुद्वारे का दौरा किया जिसका निर्माण भारतीय समुदाय ने 1941 में किया था.
भारत की विदेश मंत्री सुषमा स्वराज की ईरान के राष्ट्रपति हसन रूहानी से मुलाक़ात सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है. दरअसल मुलाकात के दौरान सुषमा स्वराज के जरिए पहनी गई पोशाक को लेकर सोशल मीडिया पर बवाल मचा हुआ है. जब हसन रुहानी से सुषमा स्वराज मिलीं तो गुलाबी रंग की शॉल से पूरी तरह ढकी हुई दिख रही थीं. हालांकि, दूसरी तस्वीरों में वह साड़ी के ऊपर शॉल ओढ़े हुए हुई हैं. उनके इस अंदाज़ को लेकर सोशल मीडिया पर बवाल मचा हुआ और लोग सवाल खड़े रहे हैं. हालांकि, इस दौरे के दौरान सुषमा ने तेहरान में उस गुरुद्वारे का दौरा किया जिसका निर्माण भारतीय समुदाय ने 1941 में किया था.
पाकिस्तानी मूल के स्तंभकार तारेक फ़तह ने भी सुषमा के सिर ढकने पर सवाल खड़ा किया है. उन्होंने अपने ट्वीट में सुषमा से कहा, “सुषमा जी यह शर्मनाक़ है. आप साड़ी पहनकर भी अपने सिर पर पल्लू रख सकती थीं.”
इसे लेकर सुषमा से नाराज़गी देश में भी देखी गई. एक शख्स ने ट्विटर पर लिखा, आपको हिजाब में देखकर दुख हुआ. आप दुर्गा की जमीन से आती हैं. शर्मनाक है.
तारेक फहत यहीं नहीं रुके, उन्होंने इसी बहाने मुसलमानों पर भी हमला बोल दिया. उन्होंने मुसलामनों से कहा कि वे अपनी रुह में इस्लाम को उतारे न कि अपने देश में. और अपने घमंड पर हिजाब डाले न सिर पर. अपनी अच्छी चीजों पर पर्दा डाले न कि अपने चेहरे पर.
ट्विटर पर तो एक शख्स को सुषमा के सिर ढकने से इतना गुस्सा आया कि उसने विदेश मंत्री के शिया मुसलमान होने जाने का एलान भी कर दिया.
समी नाम से ट्विटर हैंडल चलाने वाले ने लिखा, यानी सुषमा जी अब ईरान में सिकुलर हो गई हैं. सोशल मीडिया पर सुषमा की जमकर आलोचना हो रही है. हालांकि, इस मुद्दे पर अब तक सरकार की तरफ से कोई सफाई नहीं आई है. इस्लामी देश ईरान में महिलाएं पर्दे में रहती हैं, लेकिन किसी भारतीय विदेश मंत्री के लिए ऐसा करना गैर-जरूरी होता है, इसलिए सवाल उठ रहे हैं कि आखिर सुषमा ने ऐसा क्यों किया.