Indian Coins: सिक्के भारत की मुद्रा प्रणाली का एक काफी जरूरी हिस्सा हैं. लेकिन काफी कम लोग जानते हैं कि इनका निर्माण कहां पर होता है. हाल ही में भारत में पॉलीमर नोट लाने पर भी चर्चा चल रही है. इसी बीच आइए जानते हैं कि भारत में सिक्कों को कहां बनाया जाता है और इन्हें बनाने के लिए कौन जिम्मेदार है.

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सरकार के पास सिक्के ढालने का अधिकार 

सिक्का निर्माण अधिनियम 1906 के तहत भारत सरकार के पास देश में सिक्कों के डिजाइन और निर्माण का एकमात्र कानूनी अधिकार है. कई दूसरे उद्योगों के विपरीत सिक्का उत्पादन निजी कंपनियों को आउटसोर्स नहीं किया जाता है. देश की मुद्रा प्रणाली पर सुरक्षा, गुणवत्ता और नियंत्रण पक्का करने की जिम्मेदारी पूरी तरह से सरकार के स्वामित्व वाले संस्थानों पर है. 

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भारत में सिक्का ढालने की फैक्ट्रियां 

सिक्कों का निर्माण वित्त मंत्रालय के तहत सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम सिक्योरिटी प्रिंटिंग एंड मिंटिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड द्वारा किया जाता है. निगम देश भर में चार प्रमुख टकसालों का संचालन करता है. 

मुंबई मिंट, महाराष्ट्र 

मुंबई टकसाल भारत की सबसे पुरानी सिक्का निर्माण सुविधाओं में से एक है और इसने दशकों से सिक्कों के उत्पादन में बड़ी भूमिका निभाई है.

अलीपुर टकसाल कोलकाता पश्चिम बंगाल 

कोलकाता टकसाल देश के ऐतिहासिक टकसाल केंद्रों में से एक है और बड़ी मात्रा में सिक्कों का निर्माण जारी रखता है.

हैदराबाद टकसाल तेलंगाना 

हैदराबाद टकसाल चेरलापल्ली और सैफाबाद क्षेत्र में सुविधा संचालित करता है और भारत के प्रमुख सिक्का उत्पादन केंद्रों में से एक है.

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नोएडा टकसाल उत्तर प्रदेश 

1986 में स्थापित नोएडा टकसाल ने 1988 में स्टेनलेस स्टील के सिक्कों का उत्पादन शुरू किया. यह देश की सबसे आधुनिक ढलाई सुविधाओं में से एक बनी हुई है. 

कैसे पहचाने कि सिक्का कहां ढाला गया ?

हर भारतीय सिक्के पर निर्माण के वर्ष के नीचे एक छोटा सा टकसाल का निशान होता है. इस निशान को देखकर लोग यह पता लगा सकते हैं कि सिक्का कहां बनाया गया है. अगर सिक्के पर हीरे का निशान है तो वह मुंबई टकसाल में बनाया गया है. अगर सिक्के पर सितारा का निशान है तो हैदराबाद टकसाल में बनाया गया है. इसी के साथ अगर सिक्का सॉलिड डॉट मार्क के साथ आ रहा है तो वह नोएडा मिंट में बना है.  इसी के साथ अगर सिक्के पर कोई भी निशान नहीं है तो वह कोलकाता टकसाल में बना है.

क्या आरबीआई सिक्का ढालने का ठेका देता है?

आरबीआई सिक्कों के निर्माण के लिए किसी निजी कंपनी को ठेका नहीं देता है. सिक्का उत्पादन खास तौर से SPMCIL द्वारा किया जाता है.

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