Zayed II medal Smit Machhar: आसमान में हजारों फीट की ऊंचाई पर मौत से लड़कर 172 से अधिक जिंदगियां बचाने वाले भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार को UAE ने अपने सबसे बड़े नागरिक वीरता पुरस्कारों में से एक फर्स्ट-क्लास ऑर्डर ऑफ जायद II से सम्मानित किया है. 27 अक्टूबर 2026 को आयोजित एक भव्य राजकीय समारोह में UAE के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान ने खुद कैप्टन स्मित को गले लगाकर उनकी असाधारण बहादुरी की सराहना ही. दुबई के क्राउन प्रिंस शेख हमदान बिन मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम ने इस जांबाज पायलट को यह मेडल प्रदान किया, जिसके बाद पूरी दुनिया में भारत के इस लाल की बहादुरी के चर्चे हो रहे हैं. 

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क्या होता है UAE का ऑर्डर ऑफ जायद II सम्मान?

ऑर्डर ऑफ जायद II UAE का एक बेहद उच्च स्तरीय और प्रतिष्ठित नागरिक सम्मान है. यह पुरस्कार UAE के संस्थापक शेख जायद बिन सुल्तान अल नाहयान की याद में उन लोगों को दिया जाता है, जिन्होंने मानवता, अंतरराष्ट्रीय संबंधों या किसी संकट के समय असाधारण योगदान दिया हो. यह सम्मान आमतौर पर विदेशी राजनयिकों, वरिष्ठ अधिकारियों और वैश्विक स्तर पर विशेष प्रभआव छोड़ने वाली हस्तियों को दिया जाता है.

कैप्टन स्मित माछर से पहले यह सम्मान पाने वाले भरतीयों में UAE में भारत के पूर्व राजदूत नवदीप सूरी और संजय सुधीर शामिल रहे हैं. यह सम्मान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को मिले ऑर्डर ऑफ जायद, जो की UAE का सर्वोच्च नागरिक सम्मान है, उससे अलग है और विशिष्ट सेवाओं के लिए दिया जाता है. 

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30 सितंबर की वो खौफनाक रात

कैप्टन स्मित माछर को यह ऐतिहासिक सम्मान हवा में एक भयानक आतंकी साजिश को नाकाम करने के लिए मिला है. 30 सितंबर 2026 को फ्लाईदुबई एयरलाइन की फ्लाइट FZ1073 दुबई से इजरायल के तेल अवीव शहर के लिए रवाना हुई थी, जिसमें 172 यात्री सवार थे. उड़ान के दौरान कॉकपिट के अंदर ओमान के रहने वाले को-पायलट ने अचानक कैप्टन स्मित माछर पर धारदार हथियार से हमला कर दिया और विमान को क्रैश करने की कोशिश करने लगा.

हमले में कैप्टन स्मित बुरी तरह लहूलुहान और गंभीर रूप से घायल हो गए. इसके बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और घायल अवस्था में ही कॉकपिट का दरवाजा खोलने में कामयाब रहे, जिससे विमान के क्रू सदस्य और यात्री अंदर आ सके. सभी ने मिलकर हमलावर को-पायलट को दबोच लिया. कैप्टन स्मित ने अपनी जान की परवाह न करते हुए विमान को सुरक्षित रूप से सऊदी अरब के तबुक हवाई अड्डे पर इमरजेंसी लैंडिंग करा दी और सभी 172 यात्रियों की जान बचा ली.

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दुनिया भर में कैप्टन स्मित की जय-जयकार

इस हवाई घटनाक्रम के बाद कैप्टन स्मित माछर को इलाज के लिए एयरलिफ्ट कर दुबई लाया गया था, जहां भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी उनके साहस की जमकर तारीफ की थी.

UAE सरकार ने उनके इसी अदम्य साहस, कर्तव्यनिष्ठा और मानव जीवन के प्रति निस्वार्थ सेवा को सलाम करते हुए उन्हें ऑर्डर ऑफ जायद II से नवाजा है. सिर्फ UAE ही नहीं, बल्कि इजरायल के राष्ट्रपति इसाक हर्जोग ने भी घोषणा की है कि कैप्टन स्मित के पूरी तरह ठीक होने के बाद उन्हें इजरायल का सर्वोच्च नागरिक वीरता पुरस्कार, प्रेसिडेंशियल अवार्ड फॉर सिविलियन हिरोइज्म दिया जाएगा.

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