यात्री हवाई जहाज पर चढ़ते हैं, तो आमतौर पर उनकी पहली मुलाकात एयरलाइन स्टाफ के साथ होती है, जो उनकी यात्रा को सुरक्षित और आरामदायक बनाने में मदद करते हैं. इन स्टाफ में आमतौर पर दो प्रमुख पद होते हैं- फ्लाइट अटेंडेंट और एयर होस्टेस. हालांकि इन दोनों शब्दों का उपयोग अक्सर एक ही तरह के काम के लिए किया जाता है, लेकिन इनके बीच कुछ खास अंतर भी होते हैं. चलिए आज हम आपको बताते हैं कि फ्लाइट अटेंडेंट और एयर होस्टेस में क्या अंतर होता है? और उनकी क्या जिम्मेदारियां होती हैं.
कौनहोतेहैंफ्लाइटएटेडेंटऔरएयरहोस्टेस?
एयरहोस्टेस: ये शब्द खासतौर पर महिलाओं के लिए इस्तेमाल किया जाता है जो विमान पर यात्रियों की सेवा करती हैं. एयर होस्टेस का खास काम यात्रा के दौरान यात्रियों की सहायता करना, सुरक्षा निर्देश देना और आरामदायक यात्रा सुनिश्चित करना होता है. ये शब्द सबसे पहले 1930 के दशक में उपयोग में आया था उसके बाद ये आम बन गया.
फ्लाइटअटेंडेंट: ये एक ज्यादा आधुनिक और लैंगिक-तटस्थ शब्द है, जिसका उपयोग पुरुषों और महिलाओं दोनों के लिए किया जाता है जो विमान पर यात्रा के दौरान यात्रियों की सेवा करते हैं. फ्लाइट अटेंडेंट का काम यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा का ध्यान रखना होता है. ये शब्द 1950 के दशक से अधिक प्रचलित हुआ और ये वर्दी जिम्मेदारी और पेशेवर मानकों को अच्छे से दर्शाता है.
एयर होस्टेस और फ्लाइट अटेडेंट के कर्तव्य और जिम्मेदारियां
फ्लाइट अटेंडेंट और एयर होस्टेस दोनों ही हवाई जहाज की यात्रा के दौरान जरुरी जिम्मेदारियां निभाते हैं. दोनों ही यात्रियों को सुरक्षा संबंधी जानकारी और आपातकालीन स्थिति में आवश्यक निर्देश देते हैं. इसमें जीवन रक्षक उपकरणों का उपयोग, आपातकालीन निकास और विमान की सुरक्षा प्रक्रियाओं की जानकारी शामिल होती है.
इसके अलावा दोनों ही यात्रियों को भोजन, पेय और अन्य सेवाएं प्रदान करते हैं. वो ये सुनिश्चित करते हैं कि यात्रा के दौरान यात्रियों को आरामदायक और अच्छा अनुभव मिले. वहीं यदि किसी यात्री को यात्रा के दौरान कोई समस्या या असुविधा होती है, तो फ्लाइट अटेंडेंट और एयर होस्टेस उसे समाधान प्रदान करने का प्रयास करते हैं. इसके अलावा दोनों यात्रियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा का ध्यान रखते हैं. यदि कोई यात्री यात्रा के दौरान बीमार पड़ता है, तो वो तुरंत चिकित्सा सहायता प्रदान करने की कोशिश करते हैं.
दोनों में योग्यता
फ्लाइट अटेंडेंट और एयर होस्टेस बनने के लिए विशेष प्रशिक्षण की जरुरत होती है. इसमें प्राथमिक चिकित्सा, सुरक्षा प्रोटोकॉल, आपातकालीन प्रतिक्रिया और ग्राहक सेवा की विधियां शामिल होती हैं. आज के समय में एयरलाइनों में फ्लाइट अटेंडेंट्स और एयर होस्टेस को कुछ-कुछ समय बाद प्रशिक्षण दिया जाता रहता है ताकि वो नवीनतम सुरक्षा मानकों और सेवा तकनीकों से अवगत रहें.
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