Siddaramaiah Pension: कर्नाटक में एक बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम देखने को मिला. दरअसल सिद्धारमैया ने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया. राजनीतिक असर के साथ-साथ अब चर्चा इस बात पर भी होने लगी है कि कर्नाटक सरकार के नियमों के तहत पूर्व मुख्यमंत्री को पेंशन, वेतन और जीवन भर मिलने वाले क्या-क्या फायदे मिलते हैं. आइए जानते हैं कि सिद्धारमैया को विधायक के तौर पर काम करते हुए कितनी पेंशन मिलेगी और मुख्यमंत्री पद छोड़ने के बाद उनकी कुल मासिक आय कितनी हो सकती है.
सिद्धारमैया की मासिक पेंशन
कर्नाटक विधान मंडल वेतन, भत्ते और पेंशन अधिनियम के प्रावधानों के तहत सिद्धारमैया को एक पूर्व मुख्यमंत्री के तौर पर ₹50,000 की मासिक पेंशन मिलेगी. इस तय पेंशन राशि के अलावा उन्हें महंगाई भत्ता भी मिलेगा. इसे सरकार समय समय पर महंगाई और आधिकारिक दर के आधार पर संशोधित भी करती रहती है. पद छोड़ने के बाद यह पेंशन जीवन भर मिलती रहती है.
विधायक का वेतन
अगर सिद्धारमैया विधानसभा सदस्य के तौर पर काम करते रहते हैं तो उन्हें उस पद से जुड़ा वेतन और भत्ता अलग से मिलता रहेगा. बशर्ते लागू विधायी नियमों का पालन पूरी तरह से हो. हाल ही में कर्नाटक सरकार ने विधायकों और मंत्रियों के वेतन और भत्तों में बड़े बदलाव को मंजूरी दी है. संशोधित ढांचे के मुताबिक मुख्यमंत्री का कुल मासिक वेतन ₹75000 से बढ़ाकर 1.5 लाख प्रति माह कर दिया गया है.
अतिरिक्त सरकारी भत्ता
पेंशन और वेतन के अलावा पूर्व मुख्यमंत्री और मौजूदा विधायक कई तरह के भत्तों और सरकारी सुविधाओं के भी हकदार होते हैं. इनमें निर्वाचन क्षेत्र भत्ता, यात्रा भत्ता, दैनिक भत्ता और आवास से जुड़े फायदे शामिल हो सकते हैं.
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पूर्व मुख्यमंत्री को जीवन भर मिलने वाले फायदे
कर्नाटक में पूर्व मुख्यमंत्री राज्य सरकार द्वारा दी जाने वाली कई जीवन भर की सुविधाओं के भी हकदार होते हैं. सिद्धारमैया को बेंगलुरु में रहने के लिए एक सरकारी बंगला मिल सकता है. अगर सरकारी आवास का इस्तेमाल नहीं किया जाता तो नियमों के मुताबिक आवास से जुड़े दूसरे फायदे या फिर भत्ते मिल सकते हैं.
इसी के साथ सरकार पूर्व मुख्यमंत्री को सरकारी खर्च पर एक सरकारी गाड़ी, सहायक स्टाफ, घरेलू मदद और एक निजी ड्राइवर भी देती है. इसी के साथ गाड़ियों के लिए ईंधन भत्ता, खतरे के आकलन के आधार पर पुलिस सुरक्षा और जीवन भर मुक्त मेडिकल इलाज की सुविधा भी मिलती हैं.
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