Ram Mandir Dhwajarohan: श्रीराम के श्रद्धालुओं के लिए आज का दिन आस्था और उत्साह का अनोखा संगम लेकर आया है. 25 नवंबर 2025 को अयोध्या में राम मंदिर परिसर में भव्य ध्वजारोहण हो गया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंदिर के मुख्य शिखर पर पवित्र ध्वज को आरोहित कर दिया है. यह विशिष्ट ध्वज अहमदाबाद के कारीगर भरत मेवाड़ की महीनों की लगन और बारीकी भरे हस्तशिल्प का परिणाम है. 10 फीट ऊंचा और 20 फीट लंबा यह ध्वज अपने आप में एक अद्वितीय कृति माना जा रहा है. 

Continues below advertisement

इस ऐतिहासिक पल का साक्षी बनने के लिए दूर-दूर से भारी संख्या में भक्त अयोध्या पहुंचे हैं. आइए जानते हैं कि कमाई के मामले में राम मंदिर किस नंबर पर है?

रिकॉर्ड तोड़ कमाई

Continues below advertisement

अयोध्या का राम मंदिर अपनी भव्यता, धार्मिक महत्व और भारी संख्या में आने वाले भक्तों की वजह से पहले से ही चर्चा में है, लेकिन पिछले एक साल में इसकी कमाई ने भी देश के अन्य प्रसिद्ध मंदिरों के बीच खास जगह बना ली है. जहां हर दिन हजारों श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं, वहीं दान पेटियों में जमा होने वाली राशि लगातार रिकॉर्ड तोड़ रही है.

सबसे ज्यादा कमाई करने वाले मंदिर कौन?

भारत के सबसे ज्यादा कमाई करने वाले मंदिरों की बात करें तो टॉप पर अब भी आंध्र प्रदेश का तिरुपति वेंकटेश्वर मंदिर है. यहां हर साल लगभग 1500 से 1650 करोड़ रुपये तक का चढ़ावा आता है. दूसरे स्थान पर केरल का पद्मनाभस्वामी मंदिर है, जहां वार्षिक दान 750 से 800 करोड़ रुपये के बीच रहता है.

कितने नंबर पर आता है राम मंदिर

इन्हीं दोनों बड़े मंदिरों के बाद अयोध्या का राम मंदिर तीसरे स्थान पर अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कर रहा है. पिछले एक साल में ही यहां करीब 700 करोड़ रुपये का चढ़ावा दर्ज किया गया है. मंदिर पूरी तरह खुलने, सुविधाओं के विस्तार और बढ़ते दर्शनार्थियों की संख्या ने अयोध्या को देश के टॉप-3 कमाऊ मंदिरों में शामिल कर दिया है.

यूपी की अर्थव्यवस्था का नया इंजन

राम मंदिर सिर्फ धार्मिक दृष्टि से नहीं, बल्कि आर्थिक रूप से भी उत्तर प्रदेश की तस्वीर बदल रहा है. शहर में रोजगार तेजी से बढ़े हैं. होटल, गेस्ट हाउस और होम स्टे की मांग कई गुना बढ़ चुकी है. वर्तमान समय में अयोध्या के होम स्टे हर महीने दो लाख रुपये तक की कमाई कर रहे हैं. शहर में 1100 से ज्यादा होम स्टे रजिस्टर हैं, जिनकी बुकिंग लगातार फुल रहती है.

रेल, रोड और एयर कनेक्टिविटी का असर

अयोध्या की बेहतर कनेक्टिविटी ने यहां के पर्यटन को नई ऊंचाई दी है. वंदे भारत समेत कई नई ट्रेनों की शुरुआत ने यात्रा आसान बनाई है. सड़क मार्ग चौड़ा और तेज होने से उत्तर भारत के कई राज्यों से पहुंचना सरल हो गया है. वहीं अयोध्या इंटरनेशनल एयरपोर्ट शुरू होने के बाद देश-विदेश से आने वाले यात्रियों की संख्या तेजी से बढ़ी है. कम समय में पहुंचने की सुविधा ने धार्मिक पर्यटन को और गति दी है.

यह भी पढ़ें: Ram Mandir Ayodhya: राम मंदिर में अब तक सबसे ज्यादा पैसा किसने किया दान? देखें दानवीरों की पूरी लिस्ट