नई दिल्लीः कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी इन दिनों लोकसभा चुनाव के लिए धुआंधार प्रचार कर रही हैं. आज एबीपी न्यूज ने प्रियंका गांधी से एक्सक्लूसिव बातचीत की और उनकी चुनावी रणनीति के बारे में बात की.

बीजेपी पर किया वार प्रियंका गांधी ने कहा कि बीजेपी ने किए सारे वादे झूठे साबित हुए. बीजेपी की सरकार ने जनता से ऐसे ऐसे वादे दिए जैसे कि 15 लाख लोगों के खातों में आएंगे, दो करोड़ रोज़गार दिए जांएंगे, किसान की आमदनी दोगुनी होगी कुछ नहीं हुआ. आज का किसान त्रस्त है उसे अपने उत्पादन का पैसा नहीं मिलता. यहां आवारा पशु की दिक्कत है किसान पूरी रात जाग कर चौकीदार करते है. जब आप जनता उम्मीदें, आशाओं को तोड़ेंगे तो स्वाभाविक है कि जनता नाराज़ होगी और यहीं मैं कहती हूं. मैं तो उनकी बातें समझ रही हूं और उन्हीं की बात उठा रही हूं. ये सब मुद्दे में जनता से सीख रही हूं जब मैं किसकी गाँव या घर जाती हूँ तो यहीं बात जनता कहती है.

आज कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने उत्तर प्रदेश के महाराजगंज में जाम में फंसी एक एंबुलेंस के लिए रास्ता खुलवाया. उनके इस कदम की तारीफ हो रही है. जब उनसे इस बारे में सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि मैं वीवीआईपी कलचर में विश्वास नहीं रखती. मेरी मां बीमार रहती है मुझे पता है कि मरीज़ को समय पर अस्पताल पहुंचाना कितना जरुरी होता है. इसी लिए मैंने उस ऐंबुलेंस को जाम से निकलाने में मदद की. कांग्रेस के घोषणापत्र पर की बात मैंने अपने भाषणों में कहा है कि सबसे बडी देशभक्ति है कि जनता जागृत बने. जागृत बनने का क्या मतलब है? जो पार्टी आपके लिए काम कर रही है, जो कार्यक्रम बना रही है उसे आप समझें. तभी मैं कहती हूं कि कांग्रेस के घोषणापत्र को समझें. हमारा घोषणापत्र अनोखा क्यों है? राहुल गांधी जी ने एक साल से हर वर्ग के लोगों से बात करके ये घोषणापत्र बनाया है. ये घोषणापत्र हमारा नहीं जनता का है. मैं चाहती हूं कि जनता अपने वोट की ताक़त को समझे.

किसानों पर की बात बीजेपी ने पांच साल में किसानों को इन परिस्थितियों में ला खड़ा किया कि देश में 12000 किसानों ने आत्महत्या की है. ये सरकार राष्ट्रवाद की बात करने का नैतिक अधिकार ही खो चुकी है. ये देश किसान ने बनाया है आपने उसे नकार दिया है. नौजवानों की आवाज़ दबा दी. छात्रों को पिटवाया जा रहा है यानि जो सरकार के ख़िलाफ़ बोलेगा उसपर कार्रवाई की जाएगी. ये कौन सा राष्ट्रवाद है. जनता की शक्ति समझना राष्ट्रवाद है, उनकी आवाज बनना राष्ट्रवाद है ना कि उनकी आवाज दबाना.

बीजेपी की कैंपेंनिंग नकारात्मक-प्रियंका गांधी प्रियंका गांधी ने कहा कि केवल मेरे ख़िलाफ़ नहीं तो इनका पूरा कैंपेन ही नकारात्मक है. इनकी राजनीति ही नकारात्मक है. बीजेपी की राजनीति विनाशकारी है, बेदर्दी की राजनीति है. पॉसिटिव बात तो वो कर नहीं सकते क्योंकि उन्होंने कुछ किया ही नहीं है.

स्मृति इरानी अमेठी की जनता को नहीं समझती स्मृति इरानी अमेठी की जनता को समझती नहीं. जनता ने उन्हें नकार दिया है. अमेठी की जनता बहुत स्वाभिमानी है. स्मृति इरानी अमेठी में जो नाटक कर रही है वो जनता समझती है. जनता नाटक और असलियत में अंतर समझती है. अमेठी और रायबरेली की जनता जानती है कि कौन उन्हें प्यार करता है और कौन केवल नाटक.