उत्तराखंड में इन दिनों मानसूनी बारिश ने अपना रौद्र रूप दिखा रखा है. पहाड़ों से लेकर मैदानों तक लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण जनजीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया है. जगह-जगह जलभराव, नदियों के बढ़ते जलस्तर और पहाड़ों पर भूस्खलन के खतरे को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट मोड पर है. ऐसे में उत्तराखंड के नैनीताल और हरिद्वार जिले के डीएम ने 10 जुलाई को भी जिले के सभी स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में छुट्टी घोषित कर दी है. 

Continues below advertisement

नैनीताल (हल्द्वानी) में स्कूल बंद रखने का फैसला

नैनीताल जिले, खासकर हल्द्वानी और इसके आस-पास के पहाड़ी इलाकों में पिछले कुछ दिनों से रुक-रुककर भारी बारिश हो रही है. पहाड़ी रास्तों पर बारिश के कारण मलबा गिरने और रास्ते बंद होने का खतरा हमेशा बना रहता है. हालात की गंभीरता को देखते हुए नैनीताल के जिलाधिकारी ने 10 जुलाई को सभी सरकारी, अर्द्ध-शासकीय और प्राइवेट स्कूलों में छुट्टी की घोषणा की है. छोटे बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों को भी पूरी तरह से बंद रखने का सख्त निर्देश दिया गया है. यह आदेश कक्षा 1 से लेकर 12वीं तक के सभी छात्र-छात्राओं पर लागू होगा.

Continues below advertisement

हरिद्वार में बंद रहेंगे सभी स्कूल

हरिद्वार जिले में भी भारी बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं. शहरी और ग्रामीण दोनों इलाकों में भारी जलभराव की समस्या सामने आ रही है, जिससे यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है. इसके अलावा पहाड़ों पर हो रही बारिश के कारण नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है. ऐसे में हरिद्वार के जिलाधिकारी ने भी 10 जुलाई को जिले के सभी स्कूलों को कल बंद रखने का आधिकारिक आदेश जारी कर दिया. हरिद्वार में भी सीबीएसई, आईसीएसई  और उत्तराखंड बोर्ड से मान्यता प्राप्त सभी स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र बंद रहेंगे. 

क्या राज्य के अन्य जिलों में भी बंद हैं स्कूल?

उत्तराखंड के अन्य जिलों की बात करें तो मौसम विभाग ने पूरे राज्य के लिए भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है. देहरादून, पौड़ी और उधम सिंह नगर में भी बारिश का खासा असर देखने को मिल रहा है. हालांकि, इन जिलों में छुट्टी को लेकर कोई अपडेट अभी नहीं मिला है. 

इन बातों का ध्यान रखें पैरेंट्स 

प्रशासन ने स्कूलों की छुट्टी बच्चों की सुरक्षा के लिए की है, इसलिए घरों पर भी कुछ बातों का खास ध्यान रखना जरूरी है.

  • छुट्टी के दिन बच्चों को बारिश के पानी में खेलने या बाहर घूमने के लिए न जाने दें. खुले मैनहोल और जलभराव वाले इलाके खतरनाक हो सकते हैं.
  • बारिश और तेज हवाओं के कारण बिजली के तार टूटने का खतरा रहता है. बच्चों को बिजली के खंभों और ट्रांसफार्मर से दूर रहने की हिदायत दें.
  • सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों या फर्जी संदेशों पर ध्यान न दें. स्कूलों की छुट्टी की जानकारी केवल जिला प्रशासन या स्कूल के आधिकारिक मैसेज से ही पुष्ट करें.

ये भी पढ़ें: 10 जुलाई को दिल्ली-NCR में कहां-कहां बंद रहेंगे स्कूल-कॉलेज, जानें कहां होगी पढ़ाई? देखें लिस्ट


Education Loan Information:

Calculate Education Loan EMI