अफगानिस्तान में मेडिकल की पढ़ाई करने का सपना देख रहे छात्रों के लिए अच्छी खबर है. सीमित विकल्पों और कम जानकारी के कारण कई छात्र विदेश में एमबीबीएस करने का विचार तो करते हैं, लेकिन सही देश और सही यूनिवर्सिटी चुनने में उलझ जाते हैं. ऐसे में अफगानिस्तान अब मेडिकल एजुकेशन के क्षेत्र में एक नया और किफायती विकल्प बनकर उभर रहा है. यहां की कई मेडिकल यूनिवर्सिटीज अच्छी पढ़ाई, अनुभवी शिक्षक और अंतरराष्ट्रीय मान्यता के कारण छात्रों का ध्यान खींच रही हैं.

Continues below advertisement

अफगानिस्तान की मेडिकल यूनिवर्सिटीज में पढ़ाई का स्तर लगातार बेहतर हो रहा है. यहां की सरकार और शिक्षा मंत्रालय मेडिकल शिक्षा को मजबूत बनाने पर जोर दे रहे हैं. यही वजह है कि देश की कुछ यूनिवर्सिटीज आज न सिर्फ स्थानीय छात्रों बल्कि विदेशी छात्रों के लिए भी आकर्षण का केंद्र बन चुकी हैं. खास बात यह है कि यहां एमबीबीएस की फीस कई दूसरे देशों के मुकाबले कम है, जिससे मध्यम वर्ग के छात्रों को भी विदेश में डॉक्टर बनने का मौका मिल रहा है.

सबसे पहले बात करते हैं काबुल मेडिकल यूनिवर्सिटी की. यह अफगानिस्तान की सबसे पुरानी और जानी-मानी मेडिकल यूनिवर्सिटी मानी जाती है. इसकी स्थापना साल 1932 में हुई थी. राजधानी काबुल में स्थित यह यूनिवर्सिटी मेडिकल शिक्षा का मजबूत आधार मानी जाती है. यहां पढ़ने वाले छात्रों को अच्छी लैब सुविधा, अनुभवी प्रोफेसर और अस्पतालों में प्रैक्टिकल ट्रेनिंग मिलती है. इस यूनिवर्सिटी से पढ़कर कई छात्र देश और विदेश में सफल डॉक्टर बन चुके हैं.

Continues below advertisement

ये यूनिवर्सिटी भी नहीं हैं कम इसके बाद नाम आता है हेरात यूनिवर्सिटी का. यह यूनिवर्सिटी अफगानिस्तान के पश्चिमी हिस्से में स्थित है और शिक्षा के क्षेत्र में इसकी अच्छी पहचान है. हेरात यूनिवर्सिटी में मेडिकल फैकल्टी के साथ-साथ कई अन्य विभाग भी हैं. यहां पढ़ाई का माहौल शांत और व्यवस्थित माना जाता है. बड़ी संख्या में छात्र यहां एमबीबीएस और अन्य मेडिकल कोर्स में दाखिला लेते हैं. यूनिवर्सिटी का कैंपस शहर के अंदर है, जिससे छात्रों को जरूरी सुविधाएं आसानी से मिल जाती हैं.

नंगरहार यूनिवर्सिटी भी अफगानिस्तान की प्रमुख यूनिवर्सिटीज में शामिल है. यह एक सरकारी यूनिवर्सिटी है और इसे देश की दूसरी सबसे बड़ी यूनिवर्सिटी माना जाता है. इसकी स्थापना 1962 में हुई थी. नंगरहार यूनिवर्सिटी में मेडिकल फैकल्टी के साथ-साथ इंजीनियरिंग, कृषि और अन्य विषयों की भी पढ़ाई होती है. यहां छात्रों को सैद्धांतिक पढ़ाई के साथ-साथ प्रैक्टिकल ज्ञान पर भी ध्यान दिया जाता है.

पहली प्राइवेट यूनिवर्सिटी

कर्दान यूनिवर्सिटी अफगानिस्तान की पहली निजी यूनिवर्सिटी है, जिसने शिक्षा के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाई है. यह यूनिवर्सिटी काबुल में स्थित है और साल 2003 में इसकी शुरुआत हुई थी. कर्दान यूनिवर्सिटी आधुनिक शिक्षा पद्धति और बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए जानी जाती है. मेडिकल और हेल्थ साइंस से जुड़े कोर्स यहां काफी लोकप्रिय हैं. विदेशी छात्रों की संख्या भी यहां धीरे-धीरे बढ़ रही है.

इसके अलावा पक्तिका यूनिवर्सिटी का नाम भी अफगानिस्तान की अच्छी यूनिवर्सिटीज में लिया जाता है. यह एक सरकारी संस्थान है, जिसकी स्थापना 2004 में हुई थी. यहां मेडिकल शिक्षा के साथ-साथ अन्य विषयों में भी पढ़ाई होती है. यूनिवर्सिटी लगातार अपने शैक्षणिक ढांचे को मजबूत कर रही है, ताकि छात्रों को बेहतर शिक्षा मिल सके.


Education Loan Information:

Calculate Education Loan EMI