उत्तर प्रदेश के हाथ एक और बड़ा प्रोजेक्ट लगने वाला है. बताया जा रहा है कि ताइवान इलेक्ट्रिकल एंड इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन (Teema) का प्लान भारत में एक बड़ा टेक्नोलॉजी पार्क बनाने का है. इसके लिए कई राज्यों से बातचीत चल रही है. इनमें से यमुना एक्सप्रेसवे इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी (Yeida) को लेकर पॉजिटिव रिजल्ट आ रहे हैं.

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दरअसल, ताइवान की ही कॉन्ट्रैक्ट मैन्युफैक्चरिंग कंपनी फॉक्सकॉन (Foxconn) के चेयरमैन यंग लियू Teema के भी चेयरमैन हैं और वही इस पहल को आगे बढ़ा रहे हैं. पहले फेज में कंपनी अमेरिका, भारत, मैक्सिको और पोलैंड में ऐसा ही टेक्नोलॉजी पार्क बनाना चाहती है. 

रिपोर्ट के मुताबिक, यह टेक पार्क Yeida क्षेत्र में फॉक्सकॉन की आने वाली OSAT (आउटसोर्स सेमीकंडक्टर असेंबली और टेस्ट) फैसिलिटी के पास बन सकता है. ऐसा इसलिए क्योंकि Teema प्लान का लेआउट फॉक्सकॉन कैंपस के ठीक बगल में बनाने के लिए डिजाइन किया गया है. कंपनी का मकसद दुनिया के कई अहम हिस्सों में एडवांस्ड स्मार्ट मैन्युफैक्चरिंग हब बनाने और ताइवान के सफल टेक्नोलॉजी पार्क के दायरे को बढ़ाना है. 

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क्या है कंपनी का प्लान?

टेक्नोलॉजी पार्क लगाने के टीमा के इस प्रोजेक्ट को AI-इंटीग्रेटेड, ESG-फोकस्ड ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग नेटवर्क के आधार पर बनाने का सोचा जा रहा है. इस काम को फॉक्सकॉन के पूर्व इंडिया हेड वी ली आगे बढ़ा रहे हैं. इसका मकसद ताइवान की कंपनियों के बीच कॉम्पिटिटिवनेस को बढ़ाना और यहां की इलेक्ट्रॉनिक्स सप्लाई चेन का ग्लोबल लेवल पर विस्तार करना है. फॉक्सकॉन के अलावा इस काम में ताइवानी इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट और कंस्ट्रक्शन (EPC) कंपनी CTCI भी सहयोग कर रही है. हालांकि, कंपनी की तरफ से इस बारे में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है. 

क्या है YEIDA?

येडा उत्तर प्रदेश सरकार की तरफ से स्थापित एक नोडल एजेंसी है, जिसका काम यमुना एक्सप्रेसवे के किनारे औद्योगिक क्षेत्रों का विकास करना है. यह ग्रेटर नोएडा से लेकर आगरा तक फैला हुआ है. 

YEIDA ही क्यों?

अप्रैल में ET की एक रिपोर्ट में जानकारी दी गई थी कि फॉक्सकॉन उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा में यमुना एक्सप्रेसवे के पास लगभग 300 एकड़ जमीन पर उत्तर भारत में अपनी पहली फैसिलिटी के लिए देख रही है. उसी इलाके में HCL-फॉक्सकॉन ने आउटसोर्स OSAT फैसिलिटी के लिए जमीन खरीदी है.

येडा को इसलिए प्राथमिकता दी जा रही है क्योंकि जेवर एयरपोर्ट के बाद बेहतर कनेक्टिविटी और यमुना एक्सप्रेसवे के किनारे बन रही प्लान्ड येडा सिटी के चलते यह क्षेत्र तेजी से उभर रहा है. एयरपोर्ट और स्मार्ट सिटी के साथ-साथ इस रीजन में ग्रीन एनर्जी प्रोजेक्ट्स जैसे कई बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर पर काम चल रहा है, जो इसे रणनीतिक रूप से अहम बनाता है.   

 

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