भारतीय स्टेट बैंक (SBI) ने एफडी (FD) पर अपनी ब्याज दरों में कटौती की है. अगर आप फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) में निवेश करने की सोच रहे हैं तो आपको नई ब्याज दरों के बारे में जान लेना चाहिए. इससे पहले HDFC बैंक और ICICI ने भी फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) पर मिलने वाले ब्याज दरों में कटौती की. SBI ने एक साल से लेकर दो साल से कम समय वाली एफडी पर ब्याज दरों में 0.20 फीसदी कटौती की है. अब SBI की FD पर मिलने वाला फायदा कम हो गया है. नई ब्याज दरें 10 सितंबर से प्रभावी हो गईं हैं. बता दें कि SBI ने इससे पहले 27 मई को FD पर ब्याज दरों में बदलाव किया था.

SBI की एफडी के लिए नई ब्याज दरें इस प्रकार हैं

7 से 45 दिन की मैच्योरिटी वाली एसबीआई एफडी पर ब्याज दर 2.90 फीसदी है

46 से 179 दिन की योजना पर ब्याज दर 3.90 फीसदी है

180 दिन से 210 दिन तक की योजना पर ब्याज दर 4.40 फीसदी है

211 दिन से 1 साल से कम दिन तक की योजना पर ब्याज दर 4.40 फीसदी है

एक साल से अधिक और दो साल से कम की योजना पर ब्याज दर 4.90 फीसदी है

2 साल से अधिक और तीन साल से कम की योजना पर ब्याज दर 5.10 फीसदी है

तीन साल से अधिक और 5 साल से कम की योजना पर ब्याज दर 5.30 फीसदी है

5 साल से अधिक 10 साल से कम की योजना पर ब्याज दर 5.40 फीसदी है

HDFC बैंक ब्याज दरें

अवधि                         ब्याज दर फीसदी 7 से 14 दिन                           2.50 15 से 29 दिन                          2.50 30 से 90 दिन                          3.00 91 दिन से 6 महीने                     3.50 6 महीने 1 दिन से 9 महीने              4.40 9 महीने 1 दिन से 1 साल से कम    4.40 1 साल                                           5.10 1 साल 1 दिन से 2 साल           5.10 2 साल 1 दिन से 3 साल            5.15 3 साल 1 दिन से 5 साल            5.30 5 साल 1 दिन से 10 साल                5.50 ICICI बैंक  ब्याज दरें अवधि                    ब्याज दर फीसदी 7 से 14 दिन                    2.50 15 से 29 दिन                    2.50 30 से 90 दिन                    3.00 91 से 184 दिन                  3.50 185 से 289 दिन                   4.40 290 दिन से 1 साल से कम        4.40 1 साल से 18 महीने तक            5.00 18 महीने से 2 साल के लिए           5.10 2 से अधिक और 3 साल से कम      5.15 3 से अधिक और 5 साल से कम      5.35 5 से अधिक और 10 साल तक      5.50 ये भी पढ़ें: गाड़ियों की बिक्री बढ़ने के साथ ही स्टील की भी मांग बढ़ी, टाटा स्टील ने कहा कि अभी और बढ़ेगी मांग