Share Market Updates: हफ्ते के तीसरे कारोबारी दिन बुधवार को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत सुस्त रही. सुबह करीब 9:20 बजे 30 शेयरों वाला BSE सेंसेक्स 0.08 परसेंट या 68.85 अंकों की तेजी के साथ 85593.69 पर था, जबकि NSE निफ्टी 19.05 अंक या 0.07 परसेंट चढ़कर 26194.75 पर कारोबार करता नजर आया.

Continues below advertisement

वहीं, इस दौरान सेंसेक्स के टॉप लूजर्स और गेनर्स की बात करें, तो बढ़त हासिल करने वाले शेयरों में NTPC, बजाज फाइनेंस, अडानी पोर्ट्स, ट्रेंट, BEL, कोटक महिंद्रा बैंक और एक्सिस बैंक शामिल रहे, जिनमें 0.74 परसेंट का उछाल आया. वहीं, लूजर्स की लिस्ट में इंफोसिस, टेक महिंद्रा और HCL टेक्नोलॉजीज जैसे IT स्टॉक रहे, जिनमें 0.8 परसेंट तक की गिरावट आई. ब्रॉडर मार्केट में भी तेजी देखी गई, निफ्टी मिडकैप 100 में 0.24 परसेंट और निफ्टी स्मॉलकैप 100 में 0.38 परसेंट का उछाल आया. सेक्टोरल तौर पर, निफ्टी रियल्टी और निफ्टी मीडिया ने सबसे ज्यादा बढ़त हासिल की, जिनमें क्रमशः 0.91 परसेंट और 0.55 परसेंट की तेजी आई. 

वैश्चिक बाजारों का हाल

बुधवार को एशियाई बाजारों में मिला-जुला कारोबार देखने को मिला. क्रिसमस ईव की छुट्टी होने के चलते कई इंडेक्स जल्दी बंद भी हो गए. आखिर तक जापान का निक्केई 225 इंडेक्स 0.36 परसेंट ऊपर नजर आया और दक्षिण कोरिया का KOSPI इंडेक्स 0.42 परसेंट चढ़कर कारोबार करता दिखा. हालांकि, ऑस्ट्रेलिया का S&P ASX 200 0.58 परसेंट नीचे था. 

Continues below advertisement

वहीं, अमेरिकी शेयर बाजार लगातार चौथे सेशन में हाई लेवल पर बंद हुआ. तीसरी तिमाही में GDP के उम्मीद से बेहतर आंकड़ों के चलते S&P 500 ने एक नया क्लोजिंग रिकॉर्ड बनाया. जुलाई–सितंबर तिमाही में अमेरिका की जीडीपी में पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 4.3 परसेंट का उछाल आया. इसके चलते रातभर में ही S&P 500 इंडेक्स ने 0.46 परसेंट कर बढ़त हासिल की, नैस्डैक कम्पोजिट भी 0.57 परसेंट तक चढ़ा और डॉव जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज में 0.16 परसेंट का उछाल आया. 

अमेरिका की GDP

जुलाई–सितंबर तिमाही में अमेरिका की GDP सालाना आधार पर 4.3 परसेंट की दर से बढ़ा. यह दूसरी तिमाही में दर्ज 3.8 परसेंट से ज्यादा है. अमेरिका की जीडीपी का यह डेटा 30 अक्टूबर को पब्लिश करना था, लेकिन 43 दिनों के शटडाउन के चलते इसमें देरी हुई. तीसरी तिमाही में अमेरिका की इकोनॉकी को उपभोक्ताओं के बढ़ते खर्च, निर्यात में तेजी, बिजनेस पर बढ़े हुए खर्च का सहारा मिला. 

ये भी पढ़ें:

चाहकर भी इस AI स्टॉक से नजर नहीं फेर पा रहे निवेशक, 55000 का तगड़ा रिटर्न देकर मचा दी खलबली