नई दिल्लीः भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए एक अच्छी खबर है. एशियाई विकास बैंक (एडीबी) ने आज कहा कि भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था बना रहेगा. एडीबी ने कहा कि 2018-19 और 2019- 20 में चीन को पीछे छोड़कर भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था बना रहेगा. एडीबी के मुताबिक भारत की वृद्धि दर 2018-19 में 7.3 फीसदी और 2019- 20 में 7.6 फीसदी रहने का अनुमान है. इसके साथ ही भारत चीन को पीछे छोड़ते हुये सबसे तेजी से आगे बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था बना रहेगा. एडीबी के मुताबिक साल 2018 में चीन की विकास दर 6.6 फीसदी पर रहेगी जबकि भारत की विकास दर 7.3 फीसदी पर रहेगी.
एडीबी ने एशियाई विकास परिदृश्य (एडीओ) के परिशिष्ट में कहा है कि भारत में सार्वजनिक खर्च बढ़ने, क्षमता के बेहतर इस्तेमाल और निजी निवेश बढ़ने से विकास दर को गति मिलेगी.
चालू और अगले वित्त वर्ष के लिए भारत के वृद्धि दर के अनुमान को कायम रखते हुए एडीओ में कहा गया है कि 2018 में चीन में वृद्धि दर घटकर 6.6 फीसदी पर आ जाएगी और 2019 में यह और घटकर 6.4 फीसदी रहेगी. वर्ष 2017 में चीन की वृद्धि दर 6.9 फीसदी थी. भारत के बारे में एडीबी ने कहा कि चालू वित्त वर्ष के लिए विकास दर के अनुमान को 7.3 फीसदी पर कायम रखा गया है. अगले वित्त वर्ष में यह बढ़कर 7.6 फीसदी हो जाएगी.
एडीबी ने कहा कि भारत दक्षिण एशिया की सबसे अधिक दबदबे वाली अर्थव्यवस्था है. 2017-18 की आखिरी तिमाही में भारत की विकास दर रफ्तार पकड़कर 7.7 फीसदी पर पहुंच गई जो 2016-17 की पहली तिमाही के बाद सबसे ऊंची दर है. इससे पूरे वित्त वर्ष 2017-18 में विकास दर 6.7 फीसदी रही.
एडीबी की रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत की अगुवाई में दक्षिण एशिया सबसे तेजी से बढ़ता आर्थिक क्षेत्र रहेगा. हालांकि, एशिया प्रशांत क्षेत्र में व्यापार को लेकर नया तनाव पैदा हुआ है, लेकिन इसके बावजूद दक्षिण एशियाई क्षेत्र की अर्थव्यवस्था तेजी से बढ़ेगी. एशियाई विकास बैंक (एडीबी) की एक नई रिपोर्ट में यह निष्कर्ष निकाला गया है.
एशियाई विकास परिदृश्य के एक परिशिष्ट में कहा गया है कि एशिया और प्रशांत के विकासशील देशों की विकास 2018 और 2019 में मजबूत रहेगी. हालांकि, अमेरिका का अपने व्यापारिक भागीदारों के साथ तनाव बढ़ रहा है.